हरियाणा के करनाल में इंश्योरेंस के पैसे ऐंठने के लिए खुद का ट्रक बेचकर चोरी की फर्जी रिपोर्ट दर्ज कराने वाले शातिर मालिक को पुलिस ने दबोच लिया है। बुटाना थाना पुलिस ने मुस्तैदी दिखाते हुए तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर इस पूरे फर्जीवाड़े का भंडाफोड़ किया।
करनाल। हरियाणा के करनाल जिले के अंतर्गत आने वाले बुटाना थाने में दर्ज एक कथित ट्रक चोरी के मामले का थाना प्रबंधक राजपाल सिंह के कुशल नेतृत्व में पुलिस टीम ने पूरी तरह से पर्दाफाश कर दिया है। पुलिस ने इस पूरे सुनियोजित फर्जीवाड़े के मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए दो मुख्य आरोपियों बलबीर सिंह पुत्र अमर सिंह, निवासी गांधी नगर वार्ड नंबर 08 थानेसर कुरुक्षेत्र और उसके साथी अमरजीत सिंह पुत्र जरनैल सिंह, निवासी ज्योति नगर थानेसर कुरुक्षेत्र को गिरफ्तार करने में बड़ी सफलता हासिल की है। इस पूरे चौंकाने वाले आपराधिक मामले की सबसे खास बात यह रही कि जिस व्यक्ति ने थाने में पीड़ित बनकर शिकायत दर्ज करवाई थी, वह खुद ही इस साजिश का मास्टरमाइंड निकला।
फर्जी रिपोर्ट दर्ज करवाकर रची गई बड़ी साजिश
इस गंभीर आपराधिक मामले के संबंध में विस्तृत जानकारी देते हुए जांच अधिकारी ने बताया कि आरोपी बलबीर सिंह पुत्र अमर सिंह ने पुलिस थाने में एक लिखित शिकायत दर्ज करवाई थी। उसने अपनी शिकायत में कहा था कि उसका ट्रक नंबर HR65A8541, जो कि समाना बाहु जी.टी. रोड पर स्थित एक ढाबे के ठीक सामने खड़ा था, उसे 6 मई की रात को कोई अज्ञात चोर चोरी करके ले गया है। पीड़ित की इस औपचारिक शिकायत के आधार पर तत्काल संज्ञान लेते हुए बुटाना थाना पुलिस ने संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू की थी।
तकनीकी साक्ष्यों से खुला फर्जीवाड़े का राज
मामले की गहराई से तफ्तीश करने के लिए थाना टीम इंचार्ज उप निरीक्षक सचिन कुमार के नेतृत्व में एक विशेष पुलिस टीम का गठन किया गया था। पुलिस टीम द्वारा की गई गहन जांच, तकनीकी साक्ष्यों के विश्लेषण और आरोपियों से कड़ाई से की गई पूछताछ के दौरान यह सच सामने आया कि ट्रक वास्तव में चोरी ही नहीं हुआ था। असल में शिकायतकर्ता बलबीर और उसके साथी अमरजीत ने मिलकर स्वयं ही उस ट्रक को कहीं चुपके से बेच दिया था और उसके बाद इंश्योरेंस कंपनी से भारी-भरकम बीमा क्लेम प्राप्त करने के गलत उद्देश्य से पुलिस में ट्रक चोरी होने की यह पूरी झूठी शिकायत दर्ज करवाई थी।

