यमुनानगर। हरियाणा के यमुनानगर से पुलिस की दादागिरी का एक बेहद चौंकाने वाला मामला सामने आया है। यहाँ सिटी थाना के एसएचओ (SHO) पर एक ढाबे के बाहर सरेआम फैक्ट्री संचालक की पिटाई करने का गंभीर आरोप लगा है। इस पूरी घटना का एक सीसीटीवी (CCTV) वीडियो भी सोशल मीडिया पर जमकर वायरल हो रहा है। वीडियो में थाना प्रभारी सरेआम युवक को धक्का देते और थप्पड़ मारते साफ नजर आ रहे हैं। इस घटना के बाद से स्थानीय लोगों में पुलिसिया कार्रवाई को लेकर भारी गुस्सा है।

ढाबे के बाहर बाइक खड़ी करने को लेकर हुआ विवाद

पीड़ित संजीव कुमार जगाधरी की गंगानगर कॉलोनी के रहने वाले हैं और चनेटी रोड पर उनकी पीलिंग फैक्ट्री है। संजीव ने बताया कि गुरुवार रात वह अपने एक दोस्त की बर्थडे पार्टी मनाने रेलवे रोड स्टेशन चौक के पास एक ढाबे पर आए थे। उन्होंने अपनी बाइक सड़क किनारे खड़ी की थी।

इसी दौरान सिटी थाना पुलिस की टीम वहां पहुंची और नो-पार्किंग का हवाला देकर बाइक मालिक के बारे में पूछने लगी। संजीव जैसे ही अपनी बाइक के पास पहुंचे और पुलिस को सच बताया, वैसे ही सिटी थाना प्रभारी नरेंद्र सिंह उन पर बुरी तरह भड़क गए।

चालान काटो, लेकिन थप्पड़ मारने का हक किसने दिया?

संजीव का आरोप है कि एसएचओ ने उनकी एक न सुनी। उन्होंने गाली-गलौज करते हुए उन्हें थप्पड़ मारना शुरू कर दिया। पीड़ित फैक्ट्री संचालक संजीव कुमार ने बताया कि, मेरी बाइक अगर गलत जगह खड़ी थी, तो पुलिस को मेरा चालान काटने का पूरा हक था। मैं जुर्माना भरने को भी तैयार था। लेकिन सरेआम बीच सड़क पर थप्पड़ मारना और बेइज्जत करना कहाँ का कानून है? किसी भी पुलिस अफसर को एक आम नागरिक पर हाथ उठाने का अधिकार नहीं है।

CCTV कैमरे में कैद हुई SHO की लाइव गुंडागर्दी

घटना का जो सीसीटीवी फुटेज सामने आया है, उसने पुलिस के दावों की पोल खोल दी है। वीडियो में साफ दिख रहा है कि पुलिस टीम बाइक के पास खड़ी है। संजीव वहां आकर बात करते हैं। तभी एसएचओ नरेंद्र सिंह पहले उन्हें पीछे धक्का देते हैं। इसके बाद वह दोबारा आगे बढ़कर संजीव के सिर और गाल पर ताबड़तोड़ थप्पड़ जड़ देते हैं। वहां मौजूद भीड़ बीच-बचाव की कोशिश करती है, लेकिन साहब का गुस्सा शांत नहीं होता।

SHO की सफाई: शराब पीकर बदतमीजी कर रहा था युवक

दूसरी तरफ, इस पूरे विवाद पर सिटी थाना प्रभारी नरेंद्र सिंह ने अपना पक्ष रखा है। एसएचओ का दावा है कि फैक्ट्री संचालक ने शराब पी रखी थी। जब पुलिस ने गाड़ी का चालान करना चाहा, तो वह पुलिसकर्मियों के साथ उलझ गया और अभद्र व्यवहार करने लगा। इसी बहसबाजी के चलते उसकी बाइक को तुरंत इंपाउंड (जब्त) कर लिया गया। बहरहाल, वीडियो सामने आने के बाद अब यह मामला उच्च अधिकारियों की दहलीज तक पहुंच गया है।