किशनगंज। जिले की पुलिस ने बहादुरगंज थाना क्षेत्र में एक बड़ी कार्रवाई करते हुए सोयाबीन तेल लूटने वाले अंतरराज्यीय गिरोह का पर्दाफाश किया है। पुलिस ने इस मामले में उत्तर प्रदेश से लेकर मोतिहारी तक छापेमारी कर चार शातिर अपराधियों को गिरफ्तार किया है। साथ ही, लूटे गए सामान और वारदात में इस्तेमाल वाहनों को भी जब्त कर लिया गया है।
एनएच-327ए पर ट्रक को बनाया था बंधक
यह सनसनीखेज वारदात 7-8 सितंबर 2026 की रात करीब 2 से 3 बजे के बीच की है। जोगबनी से गुवाहाटी जा रहा एक ट्रक सोयाबीन तेल के लगभग 1500 डब्बे लेकर जा रहा था। जब यह ट्रक बहादुरगंज थाना क्षेत्र के अंतर्गत एनएच-327ए पर नटुआपाड़ा स्थित ईंट भट्ठे के पास पहुंचा, तो अपराधियों ने उसे घेर लिया।
बदमाशों ने चालक और खलासी को जबरन बंधक बनाकर ट्रक को एक सुनसान जगह पर ले गए। वहां ट्रक में लदे तेल में से लगभग 450 डब्बे दूसरे वाहन में लादे और फरार हो गए। घटना के तुरंत बाद बहादुरगंज थाने में मामला दर्ज किया गया और पुलिस अधीक्षक (एसपी) संतोष कुमार के निर्देश पर एसडीपीओ के नेतृत्व में एक विशेष जांच टीम (SIT) का गठन किया गया।
मेरठ से लेकर मोतिहारी तक ताबड़तोड़ छापेमारी
एसआईटी ने तकनीकी और मानवीय साक्ष्यों के आधार पर जांच करते हुए सबसे पहले उत्तर प्रदेश के मेरठ जिले के किठौर थाना क्षेत्र के मंसूरपुरा निवासी शहजाद (करीब 35 वर्ष) को धर दबोचा। पुलिस ने उसकी निशानदेही पर वारदात में इस्तेमाल ट्रक भी बरामद किया।
शहजाद से मिली महत्वपूर्ण जानकारियों के आधार पर पुलिस की एक अन्य टीम ने पूर्वी चंपारण (मोतिहारी) में छापेमारी की। वहां से तीन अन्य अपराधियों संजय कुमार मखरिया, दीपक सुल्तानिया (दोनों निवासी चकिया बाजार, केसरिया रोड) और दीपक कुमार (निवासी मधुबन बाजार) को गिरफ्तार किया गया। पुलिस ने इन आरोपियों के पास से लूटे गए कुल 189 डब्बे रिफाइंड तेल बरामद कर लिए हैं।
अंतरराज्यीय नेटवर्क की जांच जारी
इस खुलासे से बिहार और उत्तर प्रदेश तक फैले एक बड़े आपराधिक नेटवर्क का पता चला है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि गिरोह में शामिल अन्य सदस्यों की गिरफ्तारी और बाकी बचे तेल के डब्बों को बरामद करने के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है। सभी आरोपियों से पूछताछ कर उनके पुराने आपराधिक इतिहास और नेटवर्क के अन्य चेहरों को बेनकाब किया जा रहा है।



