महेंद्रगढ़। हरियाणा के महेंद्रगढ़ (Mahendragarh) जिले के कनीना क्षेत्र से एक दिल दहला देने वाली वारदात सामने आई है। यहां के गांव चेलावास (Chelawas) में जमीन के पुराने विवाद को लेकर एक महिला की कुल्हाड़ी और फरसे से वार कर बेरहमी से हत्या कर दी गई। इस सनसनीखेज वारदात के बाद पूरे इलाके में दहशत का माहौल है। मृतका के परिवार ने गांव के ही कुछ लोगों पर इस खूनी हमले का आरोप लगाया है और कनीना थाना पुलिस (Kanina Police Station) से सख्त कार्रवाई की मांग की है।

जमीन का पुराना विवाद बना हत्या की वजह


पुलिस को दी गई शिकायत में मृतका ओमपती के जेठ सुरेंद्र कुमार ने बताया कि उनके परिवार में जमीन को लेकर काफी समय से झगड़ा चल रहा था। मृतका ओमपती का मकान आरोपियों के घर से बिल्कुल सटा हुआ है। आरोप है कि इसी रंजिश के चलते इस खौफनाक वारदात को अंजाम दिया गया।

आधी रात को गूंजी चीखें, घर को अंदर से किया बंद

सुरेंद्र कुमार ने बताया कि गुरुवार देर रात करीब 12 बजे उनके पास ओमपती के बेटे जयभगवान का फोन आया। जयभगवान ने घबराते हुए कहा कि कुछ लोग उसकी मां के साथ मारपीट कर रहे हैं।

सूचना मिलते ही सुरेंद्र तुरंत मौके पर पहुंचे। वहां का नजारा देखकर उनके होश उड़ गए। घर का मेन गेट अंदर से बंद था और बाहर कुछ लोग लाठियां लेकर पहरा दे रहे थे। वहीं, घर के अंदर से ओमपती के चीखने-चिल्लाने की आवाजें आ रही थीं।

वारदात के बाद गाड़ी में सवार होकर हुए फरार

शिकायत के मुताबिक, थोड़ी देर बाद घर का दरवाजा खुला। अंदर से कुछ लोग हाथ में कुल्हाड़ी, फरसा और अन्य हथियार लहराते हुए बाहर निकले। आरोपियों ने सुरेंद्र को देखते ही जान से मारने की धमकी दी।

इसके बाद सुरेंद्र ने तुरंत पुलिस की डायल-112 (Dial 112 Haryana) टीम को फोन किया। लेकिन पुलिस के पहुंचने से पहले ही हमलावर अपनी गाड़ी में सवार होकर मौके से रफूचक्कर हो गए।

अस्पताल ले जाते समय रास्ते में तोड़ा दम

जब सुरेंद्र कुमार पुलिस टीम के साथ घर के अंदर दाखिल हुए, तो अंदर का मंजर खौफनाक था। ओमपती खून से लथपथ हालत में फर्श पर पड़ी थी। उसके शरीर पर कुल्हाड़ी और हथियारों के गहरे निशान थे।

उसे तुरंत कनीना के सरकारी अस्पताल (Kanina Government Hospital) ले जाया गया। हालत बेहद नाजुक होने के कारण डॉक्टरों ने उसे पीजीआईएमएस रोहतक (PGIMS Rohtak) रेफर कर दिया। लेकिन घाव इतने गहरे थे कि रोहतक पहुंचने से पहले ही रास्ते में ओमपती ने दम तोड़ दिया।