पुरी: ओडिशा की पुरी जिला पुलिस को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है. पुलिस ने राज्य में बड़े पैमाने पर चल रहे आईपीएल (IPL) सट्टेबाजी सिंडिकेट के कथित सरगना (किंगपिन) को गिरफ्तार कर लिया है. पकड़े गए आरोपी की पहचान 32 वर्षीय कृष्ण प्रसाद त्रिपाठी उर्फ ‘बॉस’ के रूप में हुई है, जो करोड़ों रुपये का एक सुव्यवस्थित सट्टेबाजी साम्राज्य चला रहा था.

पुलिस सूत्रों के मुताबिक, ब्रह्मपुर (Berhampur) का रहने वाला कृष्ण बेहद साधारण तरीके से रहता था और किसी को भनक न लगे इसलिए उसने पूरी तरह फिल्मी अंदाज (सिनेमैटिक स्टाइल) में अपनी असली पहचान छुपा कर रखी थी. ब्रह्मपुर में उसका ‘नमस्ते’ नाम से एक होटल भी है. जांच में सामने आया है कि उसने सट्टेबाजी के संचालन के लिए एक कस्टम सॉफ्टवेयर भी विकसित किया था. वह सट्टेबाजी की सुविधा के लिए ‘स्काई एक्सचेंज’ (Sky Exchange) नामक ऑनलाइन प्लेटफॉर्म का उपयोग करता था और इसके जरिए उसने अवैध आईपीएल सट्टेबाजी से लाखों रुपये कमाए थे.

गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने आरोपी के आवास पर सघन तलाशी ली, जहां से लगभग 10 लाख रुपये नकद बरामद किए गए. इसके अलावा, पुलिस ने उसके एक्सिस बैंक (Axis Bank) खाते को खंगालकर उसमें जमा 8 लाख रुपये को फ्रीज और जब्त कर लिया है. आरोपी के अन्य बैंक खातों, संपत्तियों, एटीएम और संपत्तियों की आगे की जांच जारी है.

गौरतलब है कि इससे पहले 29 अप्रैल को पुलिस ने पुरी के मसान चंडी चौक पर छापेमारी कर चल रहे सट्टेबाजी रैकेट का पर्दाफाश किया था. उस दौरान मौके से सट्टा लगाते हुए चार लोगों को गिरफ्तार किया गया था, जिनकी पहचान प्रसन्न प्रुस्टी, बी. नागेश्वर राव, विश्वजीत लेंका और रमाकांत साहू के रूप में हुई थी.

तब मौके से 3.04 लाख रुपये नकद और छह मोबाइल फोन जब्त किए गए थे. बाद में जब आरोपी प्रसन्न प्रुस्टी के घर पर छापेमारी की गई, तो वहां से 22.31 लाख रुपये कैश बरामद हुए थे. इस पूरे रैकेट के सिलसिले में पुलिस अब तक कुल 31.81 लाख रुपये से अधिक की संपत्ति जब्त और फ्रीज कर चुकी है.

पुलिस को अंदेशा है कि यह अवैध सट्टेबाजी नेटवर्क पिछले लगभग दो वर्षों से सक्रिय था. मुख्य आरोपी ‘बॉस’ की गिरफ्तारी के साथ ही पुलिस ने इस पूरे सिंडिकेट को एक बड़ा झटका देने का दावा किया है. पुलिस अब इस नेटवर्क के पूरे जाल और अन्य सहयोगियों का पता लगाने के लिए आरोपी से पूछताछ और आगे की तफ्तीश में जुटी है.