दीपक भारद्धाज, पलवल। हरियाणा के पलवल जिले से अपराध जगत से जुड़ी एक बड़ी खबर सामने आई है। पलवल पुलिस ने अवैध हथियारों की तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान में एक बड़ी सफलता हासिल की है। क्राइम ब्रांच की टीम ने चांदहट थाना क्षेत्र में पहले पकड़े गए एक आरोपी की निशानदेही पर अवैध हथियारों की सप्लाई करने वाले मुख्य सरगना राहुल को धर दबोचा है। पकड़ा गया आरोपी राहुल कोई छोटा-मोटा अपराधी नहीं, बल्कि एक शातिर और आदतन अपराधी है, जिस पर हत्या, लूट और आर्म्स एक्ट जैसे करीब 12 गंभीर मामले पहले से ही दर्ज हैं।

क्रिकेट ग्राउंड के पास कट्टे और राइफल के साथ पकड़ा गया था पहला आरोपी

पुलिस प्रवक्ता कार्यालय से मिली जानकारी के अनुसार, यह पूरी कार्रवाई पुलिस अधीक्षक नीतीश अग्रवाल (IPS) के कड़े निर्देशों पर की गई है। क्राइम ब्रांच पलवल के प्रभारी निरीक्षक रविंद्र कुमार ने बताया कि बीती 7 मई को हेड कांस्टेबल पवन की टीम ने एक गुप्त सूचना के आधार पर कार्रवाई की थी। टीम ने किठवाड़ी-अलावलपुर रोड पर बने क्रिकेट ग्राउंड के पास घेराबंदी करके बढ़राम निवासी ओमकार को एक अवैध कट्टे और एक अवैध राइफल के साथ रंगे हाथों गिरफ्तार किया था। इस संबंध में चांदहट थाने में आर्म्स एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया था।

पूछताछ में खुला राज, नोटिस देने पर भी नहीं आया हाथ

गिरफ्तारी के बाद जब पुलिस ने ओमकार से कड़ाई से पूछताछ की, तो उसने एक बड़ा खुलासा किया। ओमकार ने कुबूला कि उसने ये दोनों अवैध हथियार मानपुर के रहने वाले राहुल से खरीदे थे। इस बड़े खुलासे के बाद क्राइम ब्रांच ने मामले में हथियार सप्लाई करने की धारा जोड़ी और मुख्य आरोपी राहुल की तलाश शुरू कर दी।

पुलिस ने कानूनी प्रक्रिया के तहत पहले राहुल को नोटिस जारी कर जांच में शामिल होने के लिए कहा था, लेकिन वह पुलिस के सामने हाजिर नहीं हुआ और लगातार फरार चलता रहा। इसके बाद 18 मई को सहायक उप निरीक्षक श्री चंद की विवेचना टीम ने जाल बिछाया और मुस्तैदी दिखाते हुए राहुल को नियमानुसार गिरफ्तार कर लिया।

हत्या, लूट और डकैती जैसे 12 मामले हैं दर्ज

क्राइम ब्रांच की पड़ताल में सामने आया है कि गिरफ्तार किया गया राहुल बेहद शातिर अपराधी है। उस पर पलवल जिले के अलग-अलग थानों में हत्या, लूट, लूट के प्रयास, आर्म्स एक्ट, डकैती, जानलेवा हमला, मारपीट और चोरी जैसे कुल 12 संगीन मुकदमे दर्ज हैं। वह लंबे समय से इलाके में अवैध हथियारों की सप्लाई का नेटवर्क चला रहा था। पुलिस ने कागजी कार्रवाई पूरी करने के बाद आरोपी राहुल को माननीय अदालत में पेश किया, जहां से कोर्ट ने उसे न्यायिक हिरासत (जेल) में भेजने के आदेश दे दिए हैं।