रेवाड़ी। गांव माजरा में बन रहे देश के 22वें और हरियाणा के पहले एम्स में इसी साल सितंबर से ओपीडी शुरू हो सकती है। एम्स प्रशासन इसके लिए तैयारियों में जुटा है। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने फरवरी में एम्स को 50 एमबीबीएस सीटों के आवंटन के साथ ओपीडी शुरू करने की मंजूरी दी थी। हालांकि, इसी सत्र से एमबीबीएस की कक्षाएं शुरू होंगी या नहीं, इसे लेकर अभी स्थिति स्पष्ट नहीं है।
माजरा एम्स का निर्माण चरणबद्ध तरीके से किया जा रहा है। फिलहाल तीन प्रमुख भवनों का निर्माण कार्य पूरा हो चुका है। परियोजना पर करीब 1700 करोड़ रुपये खर्च किए जा रहे हैं। ओपीडी शुरू होने के बाद दक्षिणी हरियाणा और राजस्थान से सटे इलाकों, खासकर अहीरवाल क्षेत्र के लोगों को बड़ी सुविधा मिलने की उम्मीद है।
11 साल से इंतजार कर रहे लोगों को मिलेगी राहत
माजरा एम्स की ओपीडी शुरू होने से क्षेत्र के लोगों का करीब 11 साल से चला आ रहा इंतजार खत्म हो सकता है। निर्माण पूरा होने के बाद यहां देश के दूसरे एम्स की तरह विभिन्न सुविधाएं चरणबद्ध तरीके से शुरू की जाएंगी।
एम्स का निर्माण पूरा होने के बाद अस्पताल में मरीजों के इलाज से जुड़ी सुविधाओं का विस्तार किया जाएगा। प्रमुख भवनों के तैयार होने के बाद अन्य विभागों को भी चरणबद्ध तरीके से शुरू करने की योजना है।
दिसंबर में केंद्रीय मंत्री ने किया था निरीक्षण
केंद्रीय राज्य मंत्री राव इंद्रजीत सिंह ने पिछले साल दिसंबर में एम्स निर्माण कार्य का निरीक्षण किया था। इस दौरान उन्होंने अधिकारियों को मार्च के अंत तक ओपीडी और नए सत्र से एमबीबीएस की कक्षाएं शुरू करने के निर्देश दिए थे।
इसके बाद फरवरी में एम्स प्रशासन ने करीब 1700 विभिन्न पदों पर भर्ती प्रक्रिया शुरू की थी। यह प्रक्रिया अभी जारी है।
मई-जून तक प्रमुख भवन पूरे करने का था लक्ष्य
एम्स के निदेशक डॉ. डीएन शर्मा ने निरीक्षण के दौरान केंद्रीय राज्य मंत्री को बताया था कि मई-जून 2026 तक प्रमुख भवनों का निर्माण पूरा कर लिया जाएगा। इसके बाद अन्य विभागों को चरणबद्ध तरीके से शुरू किया जाएगा। उन्होंने बताया था कि माजरा एम्स में भी देश के दूसरे एम्स की तर्ज पर सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी।
750 बेड और 100 एमबीबीएस सीटों की योजना
माजरा एम्स के लिए 1700 करोड़ रुपये की लागत से निर्माण कार्य किया जा रहा है। परियोजना में 750 बेड और एमबीबीएस की 100 सीटों का प्रावधान है। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय 50 एमबीबीएस सीटों को मंजूरी दे चुका है। बाकी 50 सीटों की मंजूरी एम्स के पूरी तरह संचालित होने के बाद मिलने की संभावना बताई गई है।
Follow the LALLURAM.COM MP channel on WhatsApp
https://whatsapp.com/channel/0029Va6fzuULSmbeNxuA9j0m


