पवन राय, मंडला। बम्हनी थाना परिसर में आरक्षक सुनील सरयाम द्वारा फांसी लगाकर आत्महत्या किए जाने के मामले में मंडला पुलिस ने एक बड़ा और सनसनीखेज खुलासा किया है। पुलिस ने इस मामले में आरक्षक को मानसिक रूप से प्रताड़ित करने और ब्लैकमेल करने के आरोप में दो नर्सों और उनके भाई को गिरफ्तार कर लिया है।
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सरकारी क्वार्टर में आरक्षक ने लगाई थी फांसी
बीते सोमवार सुबह बम्हनी थाना परिसर स्थित पुलिस क्वार्टर में आरक्षक सुनील सरयाम ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली थी। मौके से एक सुसाइड नोट भी बरामद हुआ था। जिसमें मृतक आरक्षक ने कुछ लोगों के नाम और उनके द्वारा की जा रही प्रताड़ना का जिक्र किया था।
दो नर्सों ने किया ब्लैकमेल, भाई ने दी धमकी
सुसाइड नोट मिलने के बाद पुलिस ने मामले की गंभीरता से जांच शुरू कर दी। टीम सुसाइड नोट में लिखे नामों के आधार पर आरोपियों तक पहुंच गई। पुलिस अधीक्षक राजेश रघुवंशी ने बताया कि कोविड काल के दौरान आरक्षक सुनील सरयाम का संपर्क आरोपी नर्सों से हुआ था।
उन्होंने आगे बताया कि जांच में यह बात भी सामने आई है कि दोनों नर्स और उनके भाई कथित तौर पर आरक्षक को ब्लैकमेल करने लगे थे। उनके द्वारा लगातार तस्वीरों और वीडियो को वायरल करने की धमकी और पैसों की डिमांड की जाने लगी।
मानसिक अवसाद में आकर की खुदकुशी
पुलिस अधीक्षक राजेश रघुवंशी ने बताया कि लगातार हो रही ब्लैकमेलिंग और मानसिक दबाव के चलते आरक्षक बेहद परेशान रहने लगा था। इसी अवसाद के कारण उसने तनाव में आकर आत्महत्या जैसा कदम उठा लिया।
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पुलिस ने आरोपियो को किया गिरफ्तार
फिलहाल पुलिस ने तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है और उनके खिलाफ विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जा रही है। मामले की जांच अभी भी जारी है और पुलिस अन्य पहलुओँ की भी पड़ताल कर रही है।

