बरेली. अंतरराष्ट्रीय योग दिवस (International Yoga Day) पर ऑल इंडिया मुस्लिम जमात के राष्ट्रीय अध्यक्ष मौलाना शहाबुद्दीन रजवी ने योगा किया. मौलाना ने कहा कि योग का किसी भी धर्म से कोई संबंध नहीं है और यह सेहत के लिए एक बेहतरीन माध्यम है. उन्होंने जोर देकर कहा कि योग की परंपरा सदियों पुरानी है. सूफी अपनी दरगाहों पर मुरीद करने से पहले रूहानी तरीकों से योग कराते थे.
मौलाना ने कहा कि इसमें हाथ-पैर की वर्जिश के साथ दिल और दिमाग की सफाई भी शामिल थी. उन्होंने कुछ लोगों द्वारा योग को धर्म से जोड़ने की आलोचना की. मौलाना रजवी ने ऐसे लोगों को अज्ञानी और नासमझ बताया. उन्होंने सूफी योग के इतिहास को किताबों से समझने की सलाह दी. उन्होंने कहा कि इतिहास पर गहराई से नजर डालने पर यह बात स्पष्ट हो जाएगी.
इसे भी पढ़ें : राम मंदिर चढ़ावा मामले को लेकर लखनऊ पीठ में दाखिल की गई नई याचिका, उच्चस्तरीय न्यायिक आयोग गठित करने की मांग
बता दें कि प्रदेशभर में योग दिवस मनाया गया. मुख्यमंत्री योगी ने सभी प्रदेशवासियों को योग दिवस (International Yoga Day) की बधाई भी दी. उन्होंने एक्स पर लिखा कि ‘योग: कर्मसु कौशलम्’ योग व्यायाम के साथ ही शरीर, मन और आत्मा को एकाकार करने वाला विज्ञान भी है. समस्त योग साधकों और प्रदेश वासियों को ‘अंतरराष्ट्रीय योग दिवस’ की हार्दिक बधाई और शुभकामनाएं. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रयासों से आज योग (Yoga) एक वैश्विक जन-आंदोलन बन चुका है.’ इतना ही नहीं सीएम ने आवाह्न करते हुए लिखा कि आइए, स्वस्थ और आरोग्य राष्ट्र के निर्माण के लिए हम सभी प्रतिदिन योग करने का संकल्प लें.

