सोहराब आलम/​मोतिहारी/पूर्वी चंपारण। जिले के तुरकौलिया थाना क्षेत्र में मंगलवार को अतिक्रमण हटाओ अभियान के दौरान उस वक्त हड़कंप मच गया, जब एक अतिक्रमणकारी ने आत्मदाह की धमकी देकर प्रशासन के पसीने छुड़ा दिए। हाई कोर्ट के आदेश पर लोक निर्माण विभाग (PWD) की जमीन खाली कराने पहुंची टीम के सामने यह नाटकीय घटनाक्रम घंटों तक चर्चा का विषय बना रहा।

​क्या है पूरा मामला?

तुरकौलिया चौक के पास पीडब्ल्यूडी की बेशकीमती जमीन पर लंबे समय से 15 से अधिक लोगों ने अवैध कब्जा कर रखा था। इस मामले की शिकायत हाई कोर्ट में की गई थी, जिसके बाद न्यायालय ने संबंधित जमीन को अविलंब खाली कराने का निर्देश दिया। आदेश के आलोक में, तुरकौलिया अंचलाधिकारी (CO) संतोष कुमार भारी पुलिस बल और जेसीबी मशीन के साथ मौके पर पहुंचे और कार्रवाई शुरू की।

​छत पर चढ़ा युवक, पेट्रोल छिड़ककर मचाया हंगामा

कार्रवाई शुरू होते ही मौके पर अफरा-तफरी मच गई। कथित तौर पर ग्रामीण चिकित्सक डी. आलम नामक युवक ने अपने घर का दरवाजा अंदर से बंद किया और पेट्रोल का गैलन लेकर छत पर चढ़ गया। देखते ही देखते उसने खुद पर पेट्रोल छिड़क लिया और चिल्लाते हुए प्रशासन को चुनौती देने लगा। युवक ने दावा किया कि यदि प्रशासन उसके मकान को तोड़ता है, तो वह आत्मदाह कर लेगा। उसने प्रशासन से अपने मकान के बदले मुआवजे की भी मांग रखी।

​प्रशासन की दो-टूक: मुआवजे का कोई प्रावधान नहीं

युवक के इस कदम से मौके पर मौजूद प्रशासनिक अधिकारियों और पुलिसकर्मियों में हड़कंप मच गया। भारी मशक्कत के बाद पुलिस की टीम ने सूझबूझ दिखाते हुए छत पर पहुंचकर युवक को शांत कराया और सुरक्षित नीचे उतारा। अंचलाधिकारी संतोष कुमार ने स्पष्ट किया कि सरकारी जमीन पर किए गए अवैध निर्माण के लिए मुआवजे का कोई प्रावधान नहीं है। उन्होंने कहा कि यह कार्रवाई पूरी तरह से हाई कोर्ट के आदेश के तहत हो रही है।

​कार्रवाई जारी रहेगी, बाधा डालने पर होगी सख्त कार्रवाई

अचानक हुई तेज बारिश के कारण फिलहाल अभियान को रोक दिया गया है, जिसे बुधवार को पुनः शुरू किया जाएगा। सदर एसडीओ निशांत सिहारा ने कहा कि न्यायालय के आदेश का अनुपालन प्रशासन की प्राथमिकता है। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि सरकारी कार्य में बाधा डालने वालों के खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।