मुख्यमंत्री नायब सैनी ने पंजाब में नशे और बिगड़ती कानून व्यवस्था को लेकर आम आदमी पार्टी को घेरा और हरियाणा की कल्याणकारी योजनाओं की तुलना की।
हरियाणा के मुख्यमंत्री Nayab Singh Saini ने पंजाब की आम आदमी पार्टी सरकार पर जोरदार हमला बोलते हुए कहा कि आज पंजाब के हालात पश्चिम बंगाल से भी ज्यादा खराब हो चुके हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि पंजाब में नशा, कानून व्यवस्था और भ्रष्टाचार पूरी तरह सरकार के नियंत्रण से बाहर हो चुके हैं, जबकि आम आदमी परेशान और असुरक्षित महसूस कर रहा है।
चंडीगढ़ स्थित हरियाणा निवास में विभिन्न योजनाओं के लाभार्थियों के खातों में सीधे लाभ राशि ट्रांसफर करने के बाद आयोजित प्रेस वार्ता में मुख्यमंत्री ने कहा कि पश्चिम बंगाल में ममता बनर्जी सरकार के दौरान जिस तरह अत्याचार और अराजकता के हालात बने थे, अब वैसी ही स्थिति पंजाब में दिखाई दे रही है। उन्होंने कहा कि पंजाब में हाल ही में हुए बम ब्लास्ट पर खुद वहां के मुख्यमंत्री को जानकारी नहीं थी, जबकि डीजीपी इसके तार ISI से जुड़े होने की बात कह रहे हैं।
मुख्यमंत्री ने आरोप लगाया कि पंजाब सरकार नशे और अवैध माइनिंग पर नियंत्रण का सिर्फ दिखावा कर रही है।
उन्होंने कहा कि पहले पंजाब के लोग कांग्रेस सरकार के भ्रष्टाचार से परेशान थे, लेकिन मौजूदा सरकार भ्रष्टाचार के मामले में उससे भी आगे निकल चुकी है। उन्होंने दावा किया कि पंजाब की जनता अब बदलाव चाहती है और प्रधानमंत्री Narendra Modi की नीतियों से प्रभावित होकर भाजपा को विकल्प के रूप में देख रही है।
नायब सैनी ने कहा कि पंजाब में भाजपा सरकार बनने के बाद वहां भी हरियाणा की तरह योजनाएं लागू की जाएंगी। उन्होंने कहा कि उनके पंजाब दौरों पर विपक्ष सवाल उठाता है, लेकिन पंजाब की जनता उन्हें प्यार से बुलाती है। “अगर लोग बुला रहे हैं तो विपक्ष के पेट में दर्द क्यों हो रहा है?” मुख्यमंत्री ने तंज कसते हुए कहा।
कांग्रेस पर हमला बोलते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि कांग्रेस ने अपने 55 साल के शासन में देश को कमजोर और भ्रष्टाचार को मजबूत किया। उन्होंने कांग्रेस नेता Rahul Gandhi पर निशाना साधते हुए कहा कि जब जनता कांग्रेस को सत्ता से बाहर कर देती है तो वह चुनाव चोरी का आरोप लगाने लगते हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि राहुल गांधी भाजपा सरकार को “घुसपैठियों की सरकार” कहते हैं, जबकि देश में सबसे ज्यादा घुसपैठ कांग्रेस शासन के दौरान हुई।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृहमंत्री Amit Shah की रणनीति के चलते देश से घुसपैठियों पर सख्त कार्रवाई हुई है और भारत आज दुनिया में एक मजबूत राष्ट्र के रूप में स्थापित हुआ है। मुख्यमंत्री ने आरोप लगाया कि इंडिया गठबंधन के नेता दिनभर प्रधानमंत्री मोदी को गाली देने की राजनीति करते हैं और लोकतंत्र का सम्मान नहीं करते।
महिलाओं के मुद्दे पर भी मुख्यमंत्री ने पंजाब सरकार को घेरा। उन्होंने कहा कि आम आदमी पार्टी ने काफी पहले महिलाओं को आर्थिक सहायता देने की घोषणा की थी, लेकिन आज तक एक भी महिला को लाभ नहीं मिला। इसके उलट हरियाणा सरकार महिलाओं को दीनदयाल लाडो लक्ष्मी योजना के तहत हर महीने 2100 रुपये दे रही है और शुक्रवार को इसकी सातवीं किस्त जारी कर दी गई।
मुख्यमंत्री ने बताया कि राज्य सरकार ने इस योजना का बजट 5000 करोड़ रुपये से बढ़ाकर 6500 करोड़ रुपये कर दिया है और पात्र परिवारों की आय सीमा 1 लाख से बढ़ाकर 1.80 लाख रुपये कर दी गई है ताकि ज्यादा महिलाओं को लाभ मिल सके। उन्होंने विपक्ष पर दुष्प्रचार का आरोप लगाते हुए कहा कि लाडो लक्ष्मी योजना का लाभ लेने वाली महिलाओं को दूसरी योजनाओं से वंचित नहीं किया जाएगा।
किसानों के मुद्दे पर मुख्यमंत्री ने हरियाणा और पंजाब की तुलना करते हुए कहा कि हरियाणा में 24 फसलों की MSP पर खरीद हो रही है और किसानों को 48 घंटे के भीतर ऑनलाइन भुगतान किया जा रहा है। दूसरी ओर पंजाब का किसान आलू सड़क पर फेंकने और बाजरा 1000-1500 रुपये प्रति क्विंटल बेचने को मजबूर है। उन्होंने कहा कि हरियाणा सरकार भावांतर भरपाई योजना के तहत फल और सब्जियों पर भी किसानों को राहत दे रही है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि हरियाणा में डिजिटल और पारदर्शी व्यवस्था के जरिए योजनाओं का लाभ सीधे लोगों तक पहुंचाया जा रहा है। उन्होंने बताया कि अब किसानों को फसल बेचने के बाद मिलने वाला जे-फार्म भी मोबाइल ऐप पर उपलब्ध कराया गया है। साथ ही ‘हरियाणा ऑनलाइन बिल्डिंग प्लान अप्रूवल सिस्टम’ शुरू कर भवन नक्शा पास कराने की प्रक्रिया को ऑनलाइन, पेपरलेस और फेसलेस बना दिया गया है।
उन्होंने कहा कि विपक्ष पोर्टल सिस्टम का विरोध इसलिए करता है क्योंकि इससे भ्रष्टाचार खत्म हो रहा है। मुख्यमंत्री ने दावा किया कि हरियाणा सरकार ने खरीफ-2025 फसल नुकसान पर 3.70 लाख किसानों को 486 करोड़ रुपये का मुआवजा दिया है, जबकि पिछले साढ़े 11 साल में किसानों को 16,530 करोड़ रुपये का मुआवजा दिया जा चुका है।
आम आदमी पार्टी के राज्यसभा सांसदों के भाजपा में शामिल होने के सवाल पर मुख्यमंत्री ने कहा कि उन नेताओं ने अपनी “आत्मा की आवाज” पर पार्टी छोड़ी है। उन्होंने आरोप लगाया कि अरविंद केजरीवाल और भगवंत मान नारी शक्ति वंदन अधिनियम का समर्थन नहीं करना चाहते थे। मुख्यमंत्री ने कहा कि अब पंजाब के कई विधायक भी आम आदमी पार्टी में घुटन महसूस कर रहे हैं और बाहर निकलने का रास्ता तलाश रहे हैं।

