जालंधर : जालंधर की लेक्चरर नेहा बस्सी की मौत के के मामले में कई चौंकाने वाले खुलासे हुए हैं. पड़ोसियों का कहना है कि वह करीब तीन वर्षों से घरेलू कलह और कथित मारपीट से परेशान थी. आए दिन उसके साथ जानवरों जैसा बर्ताव किया जाता था. नेहा को मारना और घर से बाहर निकाल देने उसके पति और सास के लिए आम बात हो गई थी.

पड़ोसियों के अनुसार, नेहा कई बार रातभर घर के बाहर बैठी रहती थी. आसपास रहने वाले लोगों ने उसे पुलिस से शिकायत करने की सलाह भी दी, लेकिन वह अपनी छोटी बेटी के भविष्य को लेकर चुप रहती थी. एक पड़ोसी महिला का दावा है कि नेहा ने खुद उसे बताया था कि उसके साथ चप्पलों से मारपीट की जाती है. एक बुजुर्ग महिला ने बताया कि उसने कई बार नेहा को रात में घर के बाहर बैठे देखा था. पूछने पर नेहा ने कथित तौर पर बताया था कि मारपीट के बाद उसे घर से निकाल दिया गया. नेहा का कहना था कि बेटी की वजह से वह कोई बड़ा कदम नहीं उठाना चाहती.

पड़ोसियों ने बताया- पहले रिश्ते सामान्य थे

मोहल्ले के लोगों का कहना है कि शादी के शुरुआती वर्षों में उमंग और नेहा के बीच संबंध सामान्य दिखाई देते ,थे नेहा स्वभाव से बेहद मिलनसार और शांत थी. वह रास्ते में मिलने वाले लोगों से सम्मानपूर्वक बात करती थी. मोहल्ले में रहने वाले लोगों को उसके साथ हुए कथित बर्ताव पर अब भी विश्वास नहीं हो रहा है.

पति ने पूछताछ में किया अलग दावा

इस पूरे मामले में दूसरी ओर, पुलिस पूछताछ में आरोपी पति उमंग बस्सी ने नेहा की मौत को लेकर अलग दावा किया है. उसके मुताबिक, नेहा ने खुद हार्पिक पी लिया था और वीडियो कॉल के जरिए उसे इसकी जानकारी दी थी. उमंग का दावा है कि उसने नेहा को जबरन टॉयलेट क्लीनर नहीं पिलाया.

आरोपी पक्ष की ओर से यह भी कहा गया है कि उमंग ने नेहा को अपनी गाड़ी से अस्पताल पहुंचाया था. इसके बाद अस्पताल में ससुराल पक्ष के लोगों के साथ विवाद की स्थिति बनने पर वह अपनी मां और बेटी के साथ उज्जैन चला गया. हालांकि, पुलिस मामले के सभी पहलुओं की जांच कर रही है. आगे और भी कई अहम खुलासे हो सकते हैं.