मयंक श्रीवास्तव, अयोध्या. मणिरामदास छावनी स्थित ट्रस्ट अध्यक्ष महंत नृत्य गोपाल दास के आवास पर बुधवार को हुई महत्वपूर्ण बैठक में सर्वसम्मति से तीन नए न्यासियों की नियुक्ति पर मुहर लगाई गई. जिसमे ट्रस्ट में शामिल किए गए तीन नए चेहरे दिल्ली निवासी महेश भागचंदका,अयोध्या वरिष्ठ अधिवक्ता मदन मोहन पांडेय,शिकोहाबाद निवासी निर्मला यादव शामिल है.
अयोध्या शहर के रिकाबगंज स्थित बलरामपुर हाउस मे रहने वाले वरिष्ठ अधिवक्ता मदन मोहन पांडेय को ट्रस्ट का सदस्य बनाए जाने पर उन्होंने कहा, “यह राम मंदिर को लेकर हमने मुकदमे की लंबी लड़ाई लड़ी है. 1994 से ही इस लड़ाई में जुटे रहे. पहले परमहंस जी के वकील थे और बाद में रामलला के भी वकील बने. सुप्रीम कोर्ट ने कृपा की. अब कोशिश यही रहेगी कि जो भी दायित्व दिया जाएगा, उसका पूरी निष्ठा से पालन करूंगा.
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CEO की नियुक्ति पर उन्होंने कहा, “CEO की नियुक्ति बहुत अच्छी है. कुल मिलाकर CEO पूरे मंदिर के मामलों के लिए रिस्पॉन्सिबल होता है, वह अपना काम करेंगे….विपक्ष द्वारा राम मंदिर को बदनाम करने के आरोपों पर पांडेय ने कहा, “राम मंदिर बदनाम होने वाला नहीं है और कोई उसे बदनाम नहीं कर सकता. मुख्यमंत्री का या किसी का कोई दोष नहीं है. राम मंदिर की व्यवस्था जैसे चल रही है, वैसे ही चलती रहेगी. श्रद्धालुओं के लिए जितनी व्यवस्था हो सकेगी, हम करेंगे.”
ट्रस्ट के कोषाध्यक्ष गोविंद देव गिरी जी महाराज को महामंत्री बनाए जाने पर उन्होंने कहा, “उनका दायित्व थोड़ा बढ़ गया है, वह अपने हिसाब से काम करेंगे. आरोप तो कोई भी लगा सकता है, लेकिन वह आरोप वाले व्यक्ति नहीं हैं. कुल मिलाकर सब ठीक है.”



