धन्यौड़ा में हुए बड़े हादसे के बावजूद बराड़ा के गांव होली में जनस्वास्थ्य विभाग का एक पुराना बोरवेल पिछले कई महीनों से खुला पड़ा है। ग्रामीणों और सरपंच की शिकायत के बाद विभाग के जेई विशाल कुमार ने जल्द ही बोरवेल को बंद करवाने का आश्वासन दिया है।
अनिल शर्मा, अंबाला। धन्यौड़ा में हुए बड़े हादसे के बावजूद अभी भी कई जगह बोरवेल खुले पड़े हैं। बराड़ा के गांव होली में भी जनस्वास्थ्य विभाग के ट्यूबवैल पर बोरवेल कई महीने से खुला पड़ा है। ग्रामीणों का कहना है कि विभाग शायद यहां भी किसी हादसे के इंतजार में है।
गांव होली के सरपंच बलविंदर सिंह व अन्य ग्रामीणों ने बताया कि जलापूर्ति एवं जनस्वास्थ्य विभाग की ओर से जलघर-2 का बोर पिछले वर्ष बैठ गया था, जिस कारण यहां से पेयजल की सप्लाई नहीं की जाती थी। इसके बाद यहां से कुछ दूरी पर दूसरा बोरवेल किया गया और उसे चालू भी कर दिया गया।

करीब एक साल होने को है, नए बोरवेल से गांव में पेयजल आपूर्ति हो रही है, लेकिन विभाग की अनदेखी देखिए कि पुराना बोरवेल आज भी खुला पड़ा है। धन्यौड़ा में हुई घटना के बाद सरपंच मौके पर पहुंचे और देखा कि बोरवेल खुला पड़ा है।
ग्रामीणों ने उन्हें बताया कि खुले बोरवेल के कारण हमेशा खतरा बना रहता है कि कोई बच्चा इसमें गिर न जाए। हैरानी की बात है कि इतने लंबे समय के बाद भी विभाग ने इस बोरवेल को बंद करना उचित नहीं समझा। सरपंच ने बताया कि उन्होंने इस संबंध में विभागीय अधिकारियों को जानकारी दी और बोरवेल को ढंकने की मांग की। हालांकि, उन्होंने अपने स्तर पर बोरवेल को ढकवा दिया है, लेकिन विभाग को भी इस बारे में जल्द कार्रवाई करनी चाहिए।
वहीं, इस संबंध में जलापूर्ति एवं जनस्वास्थ्य विभाग के जेई विशाल कुमार ने कहा कि जो बोरवेल खुला पड़ा है, उसे भी बंद करवाया जाएगा।

