अमृतसर. पाकिस्तान के लिए जासूसी करने वाले अपराधियों से जुड़ी कई जानकारी सामने आई है. सेना व अर्धसैनिक बलों की संवेदनशील फोटो पाकिस्तान आईएसआई को भेजने और जासूसी के सबूत नष्ट करने वाले तीन अन्य आरोपियों को पुलिस ने गिरफ्तार किया है. आरोपियों की पहचान हरदीप सिंह, बलजिंदर सिंह और तरनप्रीत सिंह के तौर पर की गई है.
इस बारे में एसएसपी दलजिंदर सिंह ढिल्लों ने बताया कहा कि 21 मईई को खुफिया एजेंसियों की रिपोर्ट अनुसार बलजीत सिंह उर्फ बीतू को पुलिस ने देश विरोधी ताकतों को सेना व अर्धसैनिक बलों की संवेदनशील फोटो भेजने के आरोप में पकड़ा था, उसके इस कार्य में उसका भाई भी साथ दिया और मोबाइल में उपलब्ध सारे सबूत नष्ट कर दिए.
दो भाइयों की मिली भगत
बलजीत द्वारा जम्मू-पठानकोट नेशनल हाईवे-44 पर सुजानपुर के पुल नंबर.4 व 5 के बीच लगाए सीसीटीवी कैमरे को बरामद किया. इसके बाद पुलिस ने उसके दोस्त अंकित को पकड़ा. अब पुलिस ने आरोपी बलजीत सिंह के भाई हरदीप सिंह को गिरफ्तार किया क्योंकि बलजीत सिंह ने जासूसी के लिए जो मोबाइल उपयोग किया था वो अपने बड़े भाई हरदीप सिंह को दिया था.

जैसे ही बलजीत पकड़ा गया तो हरदीप ने मोबाइल सहित अन्य सबूत भी पुलिस से बचने के लिए नष्ट कर दिए. बता दें कि पुलिस बलजिंदर सिंह उर्फ विक्की पुत्र गुलजार सिंह और तरनप्रीत सिंह उर्फ तन्नू को प्रोडक्शन वारंट पर जेल से बाहर लेकर आई है. पुलिस जांच में सामने आया है कि बलजिंदर सिंह और तरनप्रीत सिंह लंबे समय से पाकिस्तानी आईएसआई एजेंसी के साथ तालमेल बना उनके लिए जासूसी करते थे. अब तीनों से पुछताछ की जाएगी, उम्मीद है कि यह तीनों बड़े राज खोल सकते हैं.
- फाल्टा थाने पर हमला कर जहांगीर खान को लॉकअप से छुड़ाने की साजिश नाकाम, 8 गिरफ्तार, जाने मास्टरमाइंड का नाम
- स्कूली किताबों में गलतियों पर CM मोहन माझी सख्त : जांच के लिए तीन सदस्यीय उच्चस्तरीय समिति गठित, 7 दिन में रिपोर्ट देने के निर्देश
- PWD मंत्री के गृह जिले में भ्रष्टाचार की आशंका : निर्माणाधीन स्लैब भरभराकर गिरा, वीडियो वायरल, जांच की उठी मांग
- सफर बना आखिरी रास्ता: कार में मृत मिले यमुनानगर निगम के SDO, मुंह से निकल रहा था खून
- एक तरफ सीएम डॉ. यादव ने महिदपुर के लिए खोला खजाना, दूसरी तरफ कांग्रेस पर साधा निशाना
