जालंधर. पंजाब में लगातार नशे की लत के लोग आदि बनते जा रहे हैं. मान सरकार की नशे के विरुद्ध छेडी मुहिम के बाद भी आए दिन नशे की लत से मारने वालों की खबर सोशल मीडिया में वायरल होती नजर आती हैं.
जालंधर की अगर बात करें तो यहां भी नशे की तलब को पूरा करने के लिए लोग कई दवाओं का उपयोग करने लगते हैं जो उनके लिए जानलेवा साबित होता है.यही कारण है कि पुलिस कमिश्नर जालंधर सतिंदर सिंह ने नशे के दुरुपयोग पर अंकुश लगाने के उद्देश्य से बड़ा कदम उठाते हुए कई दावों की बिक्री पर पाबंदी लगा दी है, वहीं कुछ के लिए सख्त नियम लागू कर दिए गए हैं.
आपको बता दें कि भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (बी.एन.एस.एस.), 2023 की धारा 163 के तहत जारी आदेश के अनुसार पुलिस कमिश्नरेट जालंधर की सीमा में इन दवाओं को बिना लाइसैंस रखना, निर्धारित एवं स्वीकृत मात्रा से अधिक मात्रा में रखना या बेचना तथा बिना बिल और उचित रिकॉर्ड के इनकी खरीद-फरोख्त पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगी.
यह आदेश 25 सितम्बर तक प्रभावी रहेगा. पुलिस ने स्पष्ट किया है कि आदेश का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी. इन प्रतिबंधित दवाओं में प्रेगाबालिन कैप्सूल, गैबापेंटिन कैप्सूल और एनाफोर्टन इंजैक्शन शामिल है. इसे बिना लाइसैंस भंडारण और अवैध खरीद-फरोख्त पर रोक लगा दी है.
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