Rajasthan Politics: राजस्थान विधानसभा के तीसरे सत्र के दौरान सोमवार को कांग्रेस के प्रदेशाध्यक्ष और लक्ष्मणगढ़ विधायक गोविंद सिंह डोटासरा ने संसदीय कार्यमंत्री जोगाराम पटेल पर गंभीर आरोप लगाए। डोटासरा ने कहा कि भोजनावकाश से पहले जब सदन की कार्यवाही चल रही थी, उस समय नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली बोल रहे थे, तब संसदीय कार्यमंत्री ने न केवल उन्हें बोलने से रोका, बल्कि गाली भी दी। डोटासरा ने इस पर कड़ी प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए कहा कि यह बेहद शर्मनाक है और इसके लिए जोगाराम पटेल को सार्वजनिक रूप से माफी मांगनी चाहिए।

डोटासरा के बयान के बाद संसदीय कार्यमंत्री जोगाराम पटेल ने कहा कि उनकी मंशा किसी के प्रति गलत नहीं थी। उन्होंने कहा कि वह हमेशा सबका सम्मान करते हैं और आगे भी करते रहेंगे। हालांकि, उन्होंने यह भी स्वीकार किया कि फ्लो में बोलते वक्त यदि कुछ गलत निकल गया है तो इसे सदन की कार्यवाही से हटा दिया जाए। इस पर डोटासरा ने सवाल उठाया कि यदि मंत्री ने कुछ गलत नहीं कहा तो क्यों कार्यवाही से उसे हटवाया जा रहा है? उन्होंने फिर से कहा कि मंत्री को सार्वजनिक रूप से माफी मांगनी चाहिए। इस पर जोगाराम पटेल ने कहा कि यदि उनके मुंह से कुछ गलत निकला है तो वह इसके लिए “सॉरी” बोलते हैं।
इस बीच, मुख्य सचेतक जोगेश्वर गर्ग ने भी डोटासरा पर कटाक्ष किया। उन्होंने अपनी सीट से खड़े होकर कहा कि सदन में सबसे ज्यादा अव्यवस्था लक्ष्मणगढ़ विधायक गोविंद सिंह डोटासरा ने फैलाई है, और इसके लिए उन्हें भी माफी मांगनी चाहिए। इस पर स्पीकर प्रोफेसर वासुदेव देवनानी ने दोनों पक्षों को सदन की गरिमा बनाए रखने की नसीहत दी और कहा कि यह हमारी जिम्मेदारी है। इसके बाद सदन की कार्यवाही को जारी रखते हुए राज्यपाल के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव पर चर्चा शुरू हुई।
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