पटना। शहर के सबसे व्यस्त इलाकों में से एक राजेंद्र नगर टर्मिनल के समीप शुक्रवार को अचानक सड़क का एक बड़ा हिस्सा धंस जाने से हड़कंप मच गया। यह घटना कुम्हरार से टर्मिनल की ओर जाने वाले मुख्य मार्ग पर स्थित पंसिया होटल के पास हुई। सड़क धंसने से न केवल यातायात व्यवस्था चरमरा गई बल्कि मौके पर मौजूद लोगों में अफरातफरी का माहौल रहा।
यातायात पर असर और प्रशासन की कार्रवाई
सड़क के धंसने के बाद स्थानीय प्रशासन ने तुरंत मोर्चा संभालते हुए सुरक्षात्मक कदम उठाए। यातायात को नियंत्रित करने के लिए मार्ग को डायवर्ट किया गया है। वर्तमान में, सड़क के प्रभावित हिस्से के कारण दोनों तरफ के वाहनों को सिंगल लेन से गुजारा जा रहा है जिससे शाम के व्यस्त समय (ऑफिस आवर) में भारी जाम की स्थिति पैदा हो गई है।
यात्रियों को लंबी कतारों में फंसना पड़ रहा है।
मरम्मत कार्य और सुरक्षा के इंतजाम
प्रशासन और संबंधित विभाग ने युद्धस्तर पर मरम्मत कार्य शुरू कर दिया है। धंसे हुए हिस्से में कंक्रीट भरकर उसे समतल किया गया है, लेकिन कंक्रीट के पूरी तरह से जमने में समय लगने के कारण सावधानी के तौर पर वहां बैरिकेडिंग कर दी गई है। साथ ही सड़क के उस हिस्से में जहां दरारें नजर आ रही हैं सुरक्षा के लिए लोहे की पट्टियां बिछाई गई हैं ताकि किसी बड़ी दुर्घटना से बचा जा सके। विभाग ने यात्रियों से अपील की है कि वे असुविधा से बचने के लिए वैकल्पिक मार्गों का चुनाव करें।
पटना मेट्रो और टनल निर्माण का कनेक्शन
सूत्रों के अनुसार यह इलाका पटना मेट्रो रेल परियोजना के निर्माण कार्य का केंद्र बना हुआ है। राजेंद्र नगर में अंडरग्राउंड मेट्रो स्टेशन का काम जोर-शोर से चल रहा है। इस परियोजना के लिए मोइनुल हक स्टेडियम से राजेंद्र नगर टर्मिनल तक लगभग 800 मीटर लंबी टनल की खुदाई की जा रही है। गौरतलब है कि रेलवे से एनओसी (NOC) मिलने के बाद दिसंबर 2025 से यहां रुके हुए निर्माण कार्य ने फिर से गति पकड़ी थी जिसके बाद से ही खुदाई का काम चल रहा है।
क्या है राजेंद्र नगर मेट्रो स्टेशन की खासियत?
राजेंद्र नगर मेट्रो स्टेशन पटना मेट्रो की सबसे महत्वपूर्ण परियोजनाओं में से एक है। यह पटना मेट्रो का सबसे गहरा स्टेशन होने वाला है जो जमीन से 21 मीटर नीचे स्थित होगा। इसके इतने गहरे होने का मुख्य कारण ऊपर से गुजरने वाले रेलवे ट्रैक हैं। यह स्टेशन पूरी तरह से राजेंद्र नगर रेलवे टर्मिनल के साथ एकीकृत होगा जिससे यात्रियों को मेट्रो से उतरकर सीधे ट्रेन पकड़ने में काफी आसानी होगी।
दूसरी ओर पटना जंक्शन मेट्रो स्टेशन एक इंटरचेंज हब के रूप में विकसित किया जा रहा है जो रेड और ब्लू लाइन को जोड़ेगा। इससे भविष्य में दानापुर से खेमनीचक और न्यूआईएसबीटी तक का सफर काफी सुगम और तेज हो जाएगा। हालांकि फिलहाल इस निर्माण कार्य के दौरान हुई सड़क धंसने की घटना ने सुरक्षा मानकों पर चर्चा छेड़ दी है।

