लखनऊ। राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले में आज बड़ा कानूनी एक्शन हो सकता है। सूत्रों के मुताबिक, इस पूरे प्रकरण में पहली बार दो अलग-अलग लिखित शिकायतों के आधार पर दो FIR दर्ज की जा सकती हैं। SIT की जांच तेज होने के बीच अयोध्या के DM और SSP भी राम मंदिर परिसर पहुंचे हैं।

42 संदिग्ध कर्मचारियों से मैराथन पूछताछ

जानकारी के मुताबिक, SIT ने सोमवार को राम मंदिर ट्रस्ट और दान प्रबंधन से जुड़े 42 संदिग्ध कर्मचारियों से मैराथन पूछताछ की। पूछताछ के बाद अब जांच टीम कानूनी कार्रवाई की दिशा में आगे बढ़ती दिख रही है।

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करोड़ों के चढ़ावे में हेरफेर

अब तक इस मामले में करोड़ों के चढ़ावे में हेरफेर, संदिग्धों के घरों से रकम और कीमती सामान मिलने के दावों के बावजूद कोई औपचारिक FIR दर्ज नहीं हुई थी। यही वजह थी कि सबसे बड़ा सवाल उठ रहा था।

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कथित सिंडिकेट की कमान किसके हाथ

सूत्रों के अनुसार, SIT अब CCTV फुटेज, नोट गिनने वाले कमरों के रिकॉर्ड, बैंक खातों, हालिया निवेश और संदिग्ध कर्मचारियों के नेटवर्क की कड़ियां जोड़ रही है। जांच का मकसद यह पता लगाना है कि दानपात्र से रकम कैसे निकली, किस स्तर पर हिसाब बदला गया और इस कथित सिंडिकेट की कमान किसके हाथ में थी।

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राम मंदिर जैसे आस्था के सबसे बड़े केंद्र से जुड़े इस मामले में आज की कार्रवाई निर्णायक मानी जा रही है। अगर FIR दर्ज होती है, तो चढ़ावा चोरी मामला पहली बार औपचारिक आपराधिक जांच के दायरे में आ जाएगा।