समस्तीपुर। जिले के चेकमहेसी थाना अंतर्गत नामापुर दरियापार गांव में मंगलवार देर रात हुई गैंगवार की एक सनसनीखेज घटना ने पूरे इलाके को दहला दिया है। अज्ञात बदमाशों ने फोन कर घर से बुलाए गए दो युवकों की ताबड़तोड़ फायरिंग कर हत्या कर दी। मृतकों की पहचान प्रभात चौधरी और सन्नी कुमार के रूप में हुई है।

​फोन कॉल बना काल का ग्रास

​मृतक प्रभात चौधरी के पिता संजय कुमार चौधरी ने बताया कि उनका बेटा रात में घर पर था तभी किसी अज्ञात का फोन आया। फोन आने के बाद प्रभात अपने तीन-चार साथियों के साथ स्कॉर्पियो से बागमती नदी के नामापुर दरियापार घाट पर मिलने गया। चश्मदीदों के अनुसार, उस समय पास में ही आतिशबाजी हो रही थी जिसका फायदा उठाकर बदमाशों ने अंधेरे का लाभ लिया।

​बेरहमी से दिया गया वारदात को अंजाम

​पुल के पास पहुंचते ही बदमाशों ने प्रभात पर अंधाधुंध गोलियां चला दीं। प्रभात के सिर में चार से पांच गोलियां लगीं जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। वहीं उसके साथ गए बेलसंडी गांव निवासी सन्नी कुमार ने जब जान बचाकर भागने की कोशिश की तो हत्यारों ने उसे भी नहीं छोड़ा। उसे पीठ और पैर में गोली मारी गई, जिससे उसने भी दम तोड़ दिया।

​पुराना विवाद और आपराधिक इतिहास

​प्रभात चौधरी पर हत्या, आर्म्स एक्ट और शराब तस्करी के कई मामले दर्ज थे। इससे पहले 26 अगस्त 2023 को समस्तीपुर कोर्ट परिसर में पेशी के दौरान भी प्रभात पर फायरिंग की गई थी जिसमें वह घायल हुआ था। उस समय कल्याणपुर के तत्कालीन राजद प्रखंड अध्यक्ष रामबाबू राय को इस हमले का मास्टरमाइंड माना गया था। जेल से हाल ही में बाहर आने के बाद प्रभात एक बार फिर इस रंजिश का शिकार हो गया।

​पुलिस जांच में जुटी

​सदर डीएसपी-2 संजय कुमार ने दोहरे हत्याकांड की पुष्टि की है। उन्होंने बताया कि प्रभात का पुराना आपराधिक इतिहास रहा है, जिसके चलते पुलिस इस वारदात को पुरानी रंजिश और गैंगवार से जोड़कर देख रही है। पुलिस टीम ने घटनास्थल पर पहुंचकर साक्ष्य जुटाए हैं और आसपास के लोगों से पूछताछ की जा रही है। इलाके में तनाव का माहौल है और भारी पुलिस बल की तैनाती की गई है। अपराधी फिलहाल फरार हैं, जिनकी गिरफ्तारी के लिए छापेमारी जारी है।