राकेश कथूरिया ,कैथल। जिले में अवैध कॉलोनियों और अनधिकृत निर्माण गतिविधियों के खिलाफ प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है। उपायुक्त अपराजिता ने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि अवैध कॉलोनियों पर लगातार निगरानी रखी जाए और नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ नियमित कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।

सोमवार को जिला टास्क फोर्स कमेटी की बैठक की अध्यक्षता करते हुए डीसी अपराजिता ने कहा कि पुलिस प्रशासन के साथ समन्वय बनाकर अवैध निर्माण गतिविधियों पर प्रभावी अंकुश लगाया जाए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि जिले में किसी भी कीमत पर अवैध कॉलोनियों और अनधिकृत निर्माण को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

शिकायतों के त्वरित निपटान के निर्देश

डीसी ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि जहां कहीं भी नई अवैध कॉलोनी विकसित होने या निर्माण कार्य शुरू होने की सूचना मिले, वहां तुरंत कार्रवाई की जाए। साथ ही सभी विभाग अपने-अपने क्षेत्राधिकार में प्राप्त शिकायतों का नियमानुसार और समयबद्ध निपटान सुनिश्चित करें।

52 अवैध कॉलोनियां चिन्हित, 45 पर कार्रवाई

बैठक में डीटीपी प्रवीण कुमार ने बताया कि जनवरी 2025 से अप्रैल 2026 तक जिले में कुल 52 अवैध कॉलोनियां चिन्हित की गई हैं। इनमें से 45 कॉलोनियों में डिमोलिशन की कार्रवाई की जा चुकी है। इसके अलावा 41 मामलों में एफआईआर भी दर्ज करवाई गई है।

उन्होंने बताया कि अवैध कॉलोनियों और निर्माण गतिविधियों के खिलाफ इस महीने छह विशेष अभियान चलाने की योजना बनाई गई है, ताकि ऐसे मामलों पर पूरी तरह अंकुश लगाया जा सके. बैठक में डीएसपी बीरभान, पीडब्ल्यूडी के कार्यकारी अभियंता सुरेंद्र सिंह सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।