रांची। झारखंड में जेपीएससी और जेएसएससी को भ्रष्टाचार मुक्त बनाने की मांग को लेकर छात्र संगठनों ने आंदोलन तेज करने का फैसला लिया है। विभिन्न छात्र और जन संगठनों ने 7 अगस्त को विधानसभा मार्च की घोषणा की है। इस दौरान दिशोम गुरु शिबू सोरेन को श्रद्धांजलि अर्पित कर उनके संघर्ष के रास्ते पर आगे बढ़ने का संकल्प भी लिया गया।
झारखंड में भर्ती परीक्षाओं में पारदर्शिता और जेपीएससी-जेएसएससी को भ्रष्टाचार मुक्त बनाने की मांग को लेकर छात्र संगठनों का आंदोलन लगातार तेज होता जा रहा है। इसी कड़ी में झारखंड जनाधिकार महासभा, आइसा, एआईएसएफ समेत कई छात्र और जन संगठनों ने 7 अगस्त को विधानसभा मार्च का ऐलान किया है।

पारदर्शी भर्ती व्यवस्था की मांग के लिए कर रहे हैं संघर्ष
संगठनों ने दिशोम गुरु शिबू सोरेन को ‘हूल जोहार’ के साथ श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए कहा कि झारखंड के युवा आज भी उनके संघर्ष और आंदोलन की विरासत को आगे बढ़ा रहे हैं। उनका कहना है कि जिस तरह शिबू सोरेन ने ए.के. राय और बिनोद बिहारी महतो के साथ मिलकर झारखंड आंदोलन को नई दिशा दी थी, उसी तरह आज छात्र-युवा अपने अधिकारों और पारदर्शी भर्ती व्यवस्था की मांग को लेकर एकजुट होकर संघर्ष कर रहे हैं।
बड़ी संख्या में छात्र युवाओं से शामिल होने की अपील
छात्र नेताओं ने कहा कि 7 अगस्त का विधानसभा मार्च युवाओं की आवाज को सरकार तक पहुंचाने का प्रयास होगा। उनका दावा है कि भर्ती प्रक्रियाओं में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित होने तक आंदोलन जारी रहेगा। साथ ही उन्होंने बड़ी संख्या में छात्र-युवाओं से विधानसभा मार्च में शामिल होने की अपील भी की है।


