पवन राय, मंडला। टाइगर स्टेट में मौतों का सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहा है। मध्य प्रदेश के मंडला स्थित कान्हा टाइगर रिजर्व बाघों के लिए काल साबित हो रहा है। हाल ही में एक बाघिन का शव मिलने से सनसनी फैल गई, साथ ही प्रबंधन पर भी प्रश्न चिन्ह खड़े होने शुरू हो गए।
बता दें कि यह कोई पहला, दूसरा नहीं बल्कि 8 दिनों में चौथा मामला है। दरअसल, कान्हा टाइगर के सरही वन परिक्षेत्र की मशहूर बाघिन अमाही T-141 की मुक्की में इलाज के दौरान मौत हो गई है। हालांकि उसकी मौत की वजह अब तक स्पष्ट नहीं हो पाई है। पहले तीन बाघ शावक और अब अब बाघिन की मौत ने पूरे प्रबंधन को कटघरे में लाकर खड़ा कर दिया है।
गौरतलब है कि कान्हा टाइगर रिजर्व जिसे देश-दुनिया में टाइगर स्टेट की पहचान दिलाने वाला जंगल माना जाता है। वहीं अब बाघों की मौत की वजह से सवालों के घेरे में हैं। फिलहाल प्रशासन की ओर से जांच की बात कही जा रही है, लेकिन लगातार हो रही इन घटनाओं ने वन विभाग की कार्यप्रणाली पर बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं। अब देखना होगा क्या इन सवालों के जवाब मिल पाएंगे या फिर ये मौतें भी फाइलों में दबकर रह जाएंगी।

