फतेहाबाद के टोहाना बस हादसे की जांच में बड़ा खुलासा हुआ है कि बस को ड्राइवर की जगह कंडक्टर चला रहा था। पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।
फतेहाबाद। जिले के टोहाना क्षेत्र के गांव अमानी के पास हुए दर्दनाक बस हादसे ने पूरे हरियाणा को झकझोर कर रख दिया था। तेज रफ्तार बस के पलटने से तीन लोगों की मौत हुई, दर्जनों यात्री घायल हुए और कई परिवारों की खुशियां पलभर में मातम में बदल गईं। लेकिन अब इस हादसे की जांच में जो सच सामने आया है, उसने हर किसी को हैरान कर दिया है। पुलिस पूछताछ में ऐसा खुलासा हुआ है, जिसने इस हादसे को सिर्फ दुर्घटना नहीं बल्कि गंभीर लापरवाही का मामला बना दिया है।
सोमवार को हुए इस दर्दनाक हादसे के बाद पुलिस ने तुरंत जांच शुरू की। शुरुआत में मामला तेज रफ्तार और वाहन नियंत्रण बिगड़ने का माना जा रहा था, लेकिन जब पुलिस ने चालक और परिचालक से सख्ती से पूछताछ की तो पूरी कहानी ही बदल गई। जांच में सामने आया कि जिस बस में दर्जनों यात्रियों की जान दांव पर लगी थी, उसे हादसे के वक्त वह व्यक्ति चला रहा था, जिसकी सीट स्टेयरिंग पर नहीं बल्कि यात्रियों की देखरेख के लिए मानी जाती है।
पुलिस जांच के मुताबिक विशाल टूर एंड ट्रेवल की बस को हादसे के समय परिचालक (कंडक्टर) चला रहा था, जबकि असली ड्राइवर बगल की सीट पर बैठा हुआ था। पूछताछ में आरोपियों ने खुद कबूल किया कि बस तेज रफ्तार में थी और परिचालक वाहन को संभाल नहीं पाया। देखते ही देखते बस सड़क पर झोले मारने लगी और कुछ ही सेकेंड में अनियंत्रित होकर खेतों में पलट गई। हादसा इतना भयानक था कि मौके पर चीख-पुकार मच गई। कई यात्री बस के अंदर फंस गए, जबकि तीन लोगों की जिंदगी हमेशा के लिए खत्म हो गई।
इस हादसे में मौके पर ही दो महिलाओं समेत तीन लोगों की मौत हो गई थी, जबकि करीब 28 यात्री घायल हो गए। स्थानीय लोगों ने जान जोखिम में डालकर बस में फंसे यात्रियों को बाहर निकाला और एंबुलेंस की मदद से अस्पताल पहुंचाया। कई घायलों की हालत गंभीर बताई गई थी।
सदर थाना प्रभारी बीर सिंह के अनुसार गिरफ्तार आरोपियों में परिचालक जयविंदर गांव लहरिया का रहने वाला है, जबकि ड्राइवर लखविंदर गांव भोड़ी का निवासी है। दोनों को गिरफ्तार कर अदालत में पेश किया गया, जहां से उन्हें न्यायिक हिरासत में हिसार जेल भेज दिया गया। पुलिस ने दोनों पर भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 106, 281, 125 और 54 समेत अन्य धाराओं के तहत केस दर्ज किया है।
हादसे के बाद अब सबसे बड़ा सवाल यही उठ रहा है कि आखिर यात्रियों की जिंदगी के साथ इतना बड़ा खिलवाड़ कैसे किया गया? क्या बस मालिकों को इस बात की जानकारी थी कि बस कौन चला रहा है? क्या नियमों को ताक पर रखकर यात्रियों की सुरक्षा से समझौता किया जा रहा था? पुलिस अब इन सभी पहलुओं पर गहराई से जांच कर रही है।
एक लापरवाही… और तीन परिवारों के घरों में हमेशा के लिए मातम छा गया। टोहाना का यह हादसा अब सिर्फ सड़क दुर्घटना नहीं, बल्कि सिस्टम और जिम्मेदारी पर भी बड़े सवाल खड़े कर रहा है।

