लखनऊ. उत्तर प्रदेश पुलिस में प्रशिक्षण व्यवस्था को और अधिक प्रभावी, संस्थागत और परिणामोन्मुख बनाने के लिए पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) राजीव कृष्ण ने प्रत्येक सप्ताह ‘वीकेंड ट्रेनिंग टारगेट’ लागू करने के निर्देश दिए हैं. इस पहल के तहत सभी पुलिसकर्मियों को शनिवार और रविवार के दौरान iGOT कर्मयोगी पोर्टल पर चयनित ऑनलाइन प्रशिक्षण पाठ्यक्रम पूरा करना होगा. इसकी समीक्षा प्रत्येक सोमवार की जाएगी.
डीजीपी ने बताया कि यह पहल मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के आधुनिक, तकनीक-सक्षम और नागरिक-केंद्रित पुलिसिंग के विजन के अनुरूप शुरू की गई है. इसका उद्देश्य पुलिसकर्मियों की व्यावसायिक दक्षता, क्षमता निर्माण और कौशल उन्नयन को निरंतर बढ़ाना है. इसके लिए पुलिस मुख्यालय में गठित कैपेसिटी बिल्डिंग यूनिट (CBU) नियमित रूप से iGOT कर्मयोगी पोर्टल पर प्रशिक्षण और प्रदर्शन की समीक्षा करेगी.
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निर्देशों के अनुसार, हर सप्ताह विषय-विशेष से जुड़े ऑनलाइन पाठ्यक्रम को ‘वीकेंड ट्रेनिंग टारगेट’ के रूप में चुना जाएगा. पुलिसकर्मी नियमित ड्यूटी प्रभावित किए बिना सप्ताहांत में प्रशिक्षण पूरा करेंगे और सोमवार को उसकी प्रगति, सहभागिता और अनुपालन की समीक्षा होगी. प्रशिक्षण की प्रभावशीलता का आंकलन केवल पाठ्यक्रम पूरा करने तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि कार्य निष्पादन पर उसके प्रभाव और मापनीय परिणामों के आधार पर भी मूल्यांकन किया जाएगा.
इस अभियान के पहले चरण में लगभग 48 मिनट का अग्नि सुरक्षा (फायर सेफ्टी) विषयक ऑनलाइन पाठ्यक्रम निर्धारित किया गया है. इसमें आग लगने के कारण, विभिन्न प्रकार की आग (क्लास A, B, C, D, E और F/K), आग बुझाने के सिद्धांत, अग्निशामक यंत्रों के सुरक्षित उपयोग और PASS (Pull, Aim, Squeeze, Sweep) तकनीक की जानकारी दी जाएगी, ताकि आपात स्थिति में पुलिसकर्मी प्रभावी और सुरक्षित कार्रवाई कर सकें.
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डीजीपी राजीव कृष्ण ने सभी विभागाध्यक्षों और कार्यालयाध्यक्षों को निर्देश दिए हैं कि वे अपने अधीनस्थ पुलिसकर्मियों द्वारा निर्धारित प्रशिक्षण सप्ताहांत में पूरा कराया जाना सुनिश्चित करें. उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश पुलिस को भविष्य की चुनौतियों के अनुरूप तैयार करने के लिए नियमित प्रशिक्षण और निरंतर सीखने की संस्कृति विकसित करना सर्वोच्च प्राथमिकता है.
गौरतलब है कि भारत सरकार द्वारा अप्रैल 2026 में आयोजित ‘साधना सप्ताह’ के दौरान उत्तर प्रदेश पुलिस ने 28.03 लाख से अधिक ऑनलाइन प्रशिक्षण पाठ्यक्रम पूरे कर उल्लेखनीय उपलब्धि हासिल की थी. वर्तमान में प्रदेश पुलिस के कार्मिक 68 लाख से अधिक प्रशिक्षण पाठ्यक्रम पूरे कर चुके हैं, जो संगठन में क्षमता निर्माण और निरंतर सीखने की संस्कृति को दर्शाता है. यह अभियान पुलिस प्रशिक्षण निदेशालय द्वारा पुलिस महानिदेशक (प्रशिक्षण) राजीव सभरवाल के नेतृत्व में संचालित किया जा रहा है.


