कुंदन कुमार, पटना। राजगीर में राष्ट्रीय लोक मोर्चा (RLM) द्वारा आयोजित तीन दिवसीय शिविर के दौरान कई प्रस्ताव पारित किए गए। पार्टी प्रमुख उपेन्द्र कुशवाहा ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में इन प्रस्तावों की विस्तृत जानकारी दी और सरकार से कई अहम कदम उठाने की मांग की।

​शहीद रामफल मंडल के लिए डाक टिकट की मांग

​उपेन्द्र कुशवाहा ने जानकारी दी कि स्वतंत्रता सेनानी और शहीद रामफल मंडल के सम्मान में भारत सरकार द्वारा डाक टिकट जारी करने का निर्णय लिया गया है। उन्होंने दावा किया कि यह फैसला उनके निरंतर प्रयासों का ही परिणाम है।

​65% आरक्षण के फैसले को अमलीजामा पहनाने की प्रतिबद्धता

​प्रेस कॉन्फ्रेंस का मुख्य प्रस्ताव बिहार में आरक्षण के दायरे से जुड़ा था। कुशवाहा ने याद दिलाया कि उस समय पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के नेतृत्व में सरकार ने बिहार में आरक्षण को बढ़ाकर 65% करने का ऐतिहासिक फैसला लिया था।

  • ​अधूरी प्रक्रिया: हालांकि मामला अदालत में चले जाने के कारण उस समय नीतीश कुमार के सभी उद्देश्य पूरे नहीं हो सके थे।
  • ​आगे की जिम्मेदारी: पार्टी का मानना है कि अब इसे आगे बढ़ाना हम सबकी सामूहिक जिम्मेदारी है। जातीय सर्वे के आंकड़ों के आधार पर तय किए गए इस 65% आरक्षण के प्रस्ताव को धरातल पर उतारने और नीतीश कुमार के उस फैसले को मूल रूप देने के लिए पार्टी निरंतर प्रयास करेगी।

​शिक्षा प्रणाली में सुधार और शिक्षा आयोग के गठन का सुझाव

​वर्तमान और आने वाली युवा पीढ़ी को तकनीकी रूप से सक्षम बनाने पर जोर देते हुए उपेन्द्र कुशवाहा ने शिक्षा व्यवस्था में बदलाव की आवश्यकता जताई।

  • ​सशक्त प्लेटफॉर्म: उनका कहना था कि आज के युग में तकनीकी मुकाबला करने के लिए युवाओं को मजबूत प्लेटफॉर्म देना अनिवार्य है ताकि बिहार का कोई भी युवा पीछे न रहे।
  • ​नया शिक्षा आयोग: इसके लिए उन्होंने राज्य सरकार से तुरंत एक नया ‘शिक्षा आयोग’ गठित करने का सुझाव दिया है, जो पाठ्यक्रम में जरूरी बदलावों और शिक्षा की गुणवत्ता पर निर्णय ले सके।