Rajasthan News: राजस्थान क्रिकेट एसोसिएशन (RCA) की पिच पर इन दिनों खेल कम और कानूनी चौके-छक्के ज्यादा लग रहे हैं। एसोसिएशन की एड-हॉक कमेटी ने पूर्व संयोजक दीन दयाल (डीडी) कुमावत के खिलाफ मोर्चा खोलते हुए उन्हें 24 लाख रुपये की रिकवरी का नोटिस थमा दिया है। आरोप है कि कुमावत ने संस्था के फंड का गलत इस्तेमाल किया।

एड-हॉक कमेटी का कहना है कि डीडी कुमावत ने अपने कार्यकाल के दौरान सवाई माधोपुर जिला क्रिकेट संघ से जुड़े निजी कानूनी झगड़ों के लिए वकीलों को मोटी फीस दी। कमेटी के मुताबिक, यह पैसा आरसीए के फंड से दिया गया जो पूरी तरह नियम विरुद्ध है। 11 मई को जारी इस नोटिस में कुमावत को केवल 7 दिन का समय दिया गया है। अगर एक हफ्ते में पैसा जमा नहीं हुआ, तो उन पर कानूनी केस दर्ज हो सकता है।
वहीं, डीडी कुमावत ने इन आरोपों को सिरे से खारिज करते हुए इसे अपनी छवि खराब करने की एक सोची-समझी चाल बताया है। कुमावत का कहना है कि उन्होंने जो भी भुगतान किए, वे पूरी तरह पारदर्शी थे और आरसीए के हितों के लिए थे। उन्होंने सवाल उठाया कि जब ये पेमेंट हो रहे थे, तब कमेटी के बाकी लोग क्या सो रहे थे?
इस विवाद में कुमावत ने कई और बड़े नामों को घसीट लिया है। उन्होंने खुलासा किया कि बैंक के चेकों पर सिर्फ उनके नहीं, बल्कि आशीष तिवारी और पिंकेश जैन पोरवाल के भी हस्ताक्षर थे। कुमावत के मुताबिक, इन भुगतानों की जानकारी मोहित यादव और धनंजय सिंह जैसे बड़े चेहरों को भी थी।
उन्होंने चेतावनी दी है कि अगर ये झूठे आरोप वापस नहीं लिए गए, तो वे जल्द ही FIR और मानहानि का केस दर्ज कराएंगे। फिलहाल, राजस्थान क्रिकेट की यह जंग अब मैदान से निकलकर थाने और कोर्ट की दहलीज तक पहुंच गई है।
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