सुशीला देवी, गुरुग्राम। पुलिस ने महज 40 घंटे के भीतर गुमशुदा 9 वर्षीय बच्ची को सकुशल बरामद कर उसके परिजनों को सौंपते हुए एक बेहद संवेदनशील और सराहनीय कार्रवाई को अंजाम दिया है। बच्ची के सुरक्षित मिलने से परिवार में खुशी लौट आई है और परिजनों ने पुलिस टीम का दिल से आभार जताया।

क्या था पूरा मामला?

जानकारी के अनुसार, 29 जून 2026 को गांव गढ़ी में किराये पर रहने वाली छत्तीसगढ़ (जांजगीर-चांपा) निवासी एक महिला ने पुलिस चौकी सेक्टर-93 में शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत में बताया गया था कि उनकी 9 वर्षीय पुत्री कल्पना बिना बताए घर से कहीं चली गई है। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने तुरंत केस दर्ज किया और बच्ची की तलाश के लिए एक विशेष टीम का गठन किया।

पुलिस की मुस्तैदी और तलाश

उप निरीक्षक विनोद के निर्देशन और एएसआई सुरेन्द्र कुमार के नेतृत्व में गठित टीम ने तुरंत कार्रवाई शुरू की. इस दौरान इलाके और संभावित रास्तों के सीसीटीवी कैमरों को खंगाला गया।बच्ची के जाने के संभावित रास्तों का एक रूट मैप तैयार किया गया। बस स्टैंड, रेलवे स्टेशन और अन्य भीड़भाड़ वाले सार्वजनिक स्थानों पर सघन तलाशी अभियान चलाया गया।

राहगीरों और स्थानीय लोगों को बच्ची की फोटो दिखाकर व्यापक स्तर पर खोजबीन की गई। पुलिस टीम के लगातार और अथक प्रयासों के बाद, 2 जुलाई को सेक्टर-15 क्षेत्र से बच्ची को सकुशल बरामद कर लिया गया। सभी आवश्यक कानूनी प्रक्रियाएं पूरी करने के बाद मासूम को उसके माता-पिता के हवाले कर दिया गया।

पुलिस प्रशासन ने आम जनता से अपील की है कि यदि कोई भी बच्चा गुम होता है, तो बिना किसी देरी के तुरंत नजदीकी पुलिस स्टेशन में या डायल-112 पर सूचना दें, ताकि समय रहते बच्चे की सुरक्षित तलाश सुनिश्चित की जा सके।