गजपति (ओडिशा): ओडिशा के गजपति जिले के मोहना सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) के पास से एक हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है। स्वास्थ्य केंद्र के मेडिसिन स्टोर के पास बने एक परित्यक्त (खंडहर) मकान और उसके आसपास भारी मात्रा में सरकारी दवाइयां लावारिस अवस्था में फेंकी हुई मिली हैं। इस घटना की तस्वीरें और वीडियो सामने आने के बाद स्वास्थ्य प्रशासन की लापरवाही को लेकर स्थानीय लोगों में भारी गुस्सा और भ्रम का माहौल है।

बिना एक्सपायरी वाली दवाइयां भी शामिल
सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि फेंकी गई दवाइयों के ढेर में कई ऐसी औषधियां भी शामिल हैं, जिनकी एक्सपायरी डेट अभी समाप्त नहीं हुई है। यानी ये दवाइयां मरीजों के इलाज में इस्तेमाल की जा सकती थीं।
अनसुलझे सवाल: जब मरीज अस्पतालों में दवाइयों की कमी से जूझते हैं, तो इतनी बड़ी मात्रा में दवाइयां बाहर किसने और क्यों फेंकी?
नियमों का उल्लंघन: यदि कुछ दवाइयों की एक्सपायरी डेट खत्म भी हो गई थी, तो बायो-मेडिकल वेस्ट नियमों के तहत उनका सुरक्षित निस्तारण करने के बजाय उन्हें खुले में क्यों डाला गया?
प्रशासनिक सतर्कता पर सवाल: जहां सरकार गरीबों को मुफ्त दवाइयां उपलब्ध कराने का दावा करती है, वहीं स्वास्थ्य केंद्र के ठीक बगल में इस तरह दवाइयों का ढेर मिलना विभाग की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े करता है। स्थानीय निवासियों ने मामले की उच्चस्तरीय निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।


