० झज्जर में भारी बारिश के बीच कर्मचारियों का जोरदार प्रदर्शन, दिल्ली पुलिस और केंद्र सरकार के खिलाफ की नारेबाजी

झज्जर। दिल्ली में संसद मार्च के दौरान छात्रों और युवाओं पर हुए कथित लाठीचार्ज का मामला अब तूल पकड़ता जा रहा है। एक ओर जहां विपक्षी दल केंद्र की भाजपा सरकार को सड़क से लेकर संसद तक घेर रहे हैं, वहीं अब हरियाणा में भी कर्मचारी संगठनों ने छात्रों के समर्थन में मोर्चा खोल दिया है।

झज्जर में विभिन्न कर्मचारी संगठनों और आंगनवाड़ी कर्मचारियों ने छात्रों पर हुए लाठीचार्ज के विरोध में जोरदार प्रदर्शन किया। भारी बारिश के बावजूद कर्मचारी सड़कों पर उतरे और दिल्ली पुलिस तथा केंद्र सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। प्रदर्शनकारी जुलूस के रूप में लघु सचिवालय पहुंचे और सरकार के खिलाफ अपना रोष जताया।

‘निहत्थे छात्रों पर लाठियां बरसाना गलत’

प्रदर्शन के दौरान आंगनवाड़ी यूनियन ने दिल्ली पुलिस की कार्रवाई पर कड़ा आक्रोश जताया। यूनियन पदाधिकारियों ने कहा कि निहत्थे छात्रों पर बेरहमी से लाठियां बरसाना बेहद गलत है। उन्होंने आरोप लगाया कि पुलिस और सरकार ने इस कार्रवाई के जरिए अपना कथित क्रूर चेहरा दिखाया है।

आंगनवाड़ी यूनियन ने कहा कि छात्रों के साथ हुए कथित अन्याय के विरोध में कर्मचारी संगठन उनके साथ खड़े हैं। यूनियन ने कहा कि युवाओं पर लाठीचार्ज करने वाले पुलिसकर्मियों के खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए और सरकार को छात्रों की मांगों को गंभीरता से सुनना चाहिए।

यूनियन का बड़ा ऐलान

प्रदर्शन के दौरान आंगनवाड़ी यूनियन ने दिल्ली और हरियाणा पुलिस को लेकर बड़ा ऐलान करते हुए कहा कि छात्रों पर हुई कार्रवाई से वे बेहद आहत हैं। यूनियन ने कहा कि अब वे दिल्ली पुलिस और हरियाणा पुलिसकर्मियों के घर अपनी बेटियों की शादी नहीं करेंगे।

यूनियन के इस ऐलान के बाद प्रदर्शन स्थल पर मौजूद कर्मचारियों ने भी सरकार और पुलिस के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि छात्रों के साथ किसी भी तरह का अन्याय बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

कर्मचारी संगठनों ने चेतावनी दी कि यदि छात्रों की मांगों पर जल्द सकारात्मक कार्रवाई नहीं हुई तो विरोध प्रदर्शन को और तेज किया जाएगा।