चंडीगढ़। पंजाब में आज ASI जोगा सिंह की अज्ञात हमलावरों ने गोली मारकर हत्या कर दी। इस वारदात के बाद पंजाब की सियासत गरमा गई है, पंजाब में कानून व्यवस्था को लेकर एक बार फिर बड़े सवाल खड़े हो गए हैं। ASI की हत्या को लेकर अकाली दल के सीनियर नेता बिक्रम मजीठिया का बयान सामने आया है।

उन्होंने तंज कसते हुए कहा है कि जब पंजाब में वर्दी ही सुरक्षित न रहे , तो समझ लें पंजाब में कानून व्यवस्था मर चुकी है। मजीठा के गांव हमजा के पास ड्यूटी पर जा रहे घनिए के बांगर चौकी में तैनात ASI जोगा सिंह की अज्ञात हमलावरों ने गोली मारकर हत्या कर दी।

बताया जा रहा है कि बदमाशों ने ASI पर ताबड़तोड़ 3 गोलियां चलाईं, जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई। घटना के बाद इलाके में दहशत का माहौल है। मजीठिया ने कहा कि, ये एक पुलिस अधिकारी की हत्या नहीं है, बल्कि भगवंत मान और कच्चे DGP की नाकामी का खुला सबूत है। पंजाब में आए दिन वारदातें हो रही हैं, जिसे लेकर बिक्रम मजीठिया ने पंजाब सरकार को घेरा है। इनमें से: भारत पाकिस्तान बॉर्डर उपर, पुलिस थानों पर ग्रेनेड अटैक, जेलों में दंगे, टारगेट किलिंग, सड़कों पर गोलियां और अब वर्ती में पुलिस अधिकारी को निशाने पर लेकर हत्या कर दी गई।

बिक्रम मजीठिया ने आगे कहा कि, जब वर्दी पर गोली चलने लग जाए तो समझ लो पुलिस-गैंगस्टर-राजनीतिक गठजोड़ कितना खतरनाक रूप धारण कर चुका है। उन्होंने DSP मजीठा और स्थानीय SHO की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए कहा कि पंजाब में कानून व्यवस्था पूरी तरह चरमरा चुकी है।

लोगों ने कहना शुरू कर दिया है कि, पुलिस का इस्तेमाल कानून के लिए नहीं बल्कि आम आदमी पार्टी के विरोधियों को दबाने के लिए हो रहा है। भगवंत मान और कच्चे DGP को तुरन्त इस्तीफा देना चाहिए क्योंकि इन्होंने की रेहनूमाई में कानून व्यवस्था का जनाजा निकल जुका है। पंजाब को इश्तीहार और चुटक्कले नहीं ….. सुरक्षा चाहिए।