बेगूसराय। जिले में अपराधियों के हौसले पूरी तरह बुलंद नजर आ रहे हैं। मुफस्सिल थाना क्षेत्र के छपकी गांव में एक वारदात को अंजाम देते हुए बाइक सवार चार अपराधियों ने कोर्ट के मुंशी के बेटे को गोली मार दी। इस अचानक हुई गोलीबारी से पूरे इलाके में हड़कंप मच गया है।

​छपकी गांव की घटना और वारदात का विवरण

​घायल युवक की पहचान छपकी गांव निवासी शंकर यादव के 22 वर्षीय बेटे गौतम कुमार के रूप में हुई है। गौतम खेती-किसानी का काम करता है। हमले में गौतम को दो गोलियां लगी हैं एक गोली उसकी बांह में और दूसरी पेट के निचले हिस्से में धंस गई।
​युवक के पिता शंकर यादव ने घटना के बारे में जानकारी देते हुए बताया कि वह कुछ समय के लिए शौच वास्ते बाहर गए हुए थे। तभी उन्होंने दो बाइकों पर सवार चार युवकों को तेजी से भागते हुए देखा। जब वह वापस घर लौट रहे थे, तो रास्ते में उनकी बेटी को शोर मचाते हुए पाया कि गौतम को गोली मार दी गई है। यह वारदात उनके घर से महज 100 मीटर की दूरी पर अंजाम दी गई। बदमाशों ने पहले से ही घात लगा रखा था और जैसे ही इलाके की बिजली कटी, उन्होंने इस खौफनाक हमले को अंजाम दे डाला।

​शराब पीने से रोकने पर रंजिश और पुरानी दुश्मनी

​घटना के पीछे की वजह बताते हुए पिता शंकर यादव ने बताया कि उनके बेटे की किसी से कोई व्यक्तिगत दुश्मनी नहीं थी। हालांकि, पड़ोसी गांव कारीचक के कुछ लड़के अक्सर उनके गांव में आकर हुड़दंग मचाते थे और शराब पीते थे।
​करीब एक साल पहले गांव के पास ट्रांसफार्मर के नजदीक गौतम ने कारीचक के तीन युवकों को शराब पीने से मना किया था, जिसके बाद उनके बीच विवाद हुआ था। पिता का आरोप है कि ये बदमाश न सिर्फ गांव में आकर शराब पीते हैं, बल्कि फसलों को भी नुकसान पहुंचाते हैं। गांव के अंतिम छोर पर स्थित पुलिया पर रोजाना 10-12 युवक बैठकर वहां से गुजरने वाली महिलाओं पर फब्तियां कसते थे। पीड़ित परिवार ने शांतिप्रिय होने के कारण इन हरकतों को अब तक सहन किया था, लेकिन बदमाशों ने रंजिश के चलते उनके बेटे को गोली का निशाना बना लिया।

​ग्रामीणों की मदद से अस्पताल में भर्ती

​गोलीबारी की आवाज सुनते ही आसपास के ग्रामीण तुरंत सतर्क हो गए और घटनास्थल की तरफ दौड़े। ग्रामीण राजकिशोर ने बताया कि वह खेत से काम करके लौटे थे और स्नान कर रहे थे तभी उन्होंने फायरिंग की आवाज सुनी। पड़ोसी के शोर मचाने पर जब वह पहुंचे तो गौतम खून से लथपथ हालत में जमीन पर पड़ा मिला। ग्रामीणों ने तत्परता दिखाते हुए लहूलहान गौतम को तुरंत शहर के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया, जहां उसकी हालत बेहद गंभीर बनी हुई है।

​पुलिस प्रशासन की कार्रवाई और जांच

​वारदात की सूचना मिलते ही पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया। सदर-वन डीएसपी आनंद कुमार पांडेय और मुफस्सिल थानाध्यक्ष मनोज कुमार अपनी पुलिस टीम के साथ तुरंत मौके पर पहुंचे।
​पुलिस अधिकारियों ने घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण किया और स्थानीय लोगों से पूछताछ की। अपराधियों की पहचान सुनिश्चित करने और उनके भागने के रास्तों का पता लगाने के लिए गांव में लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज को खंगाला जा रहा है। पुलिस का दावा है कि जल्द ही अपराधियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।