कुमार इंदर, जबलपुर। मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल के कांग्रेस विधायक आरिफ मसूद के खिलाफ FIR पर सुप्रीम कोर्ट ने रोक लगा दी है। मामले में सुप्रीम कोर्ट ने अहम टिप्पणी की है। कहा- इस तरह के अंतरिम आदेश की जरूरत नहीं थी।
सभी पक्षों को जवाब पेश करने के निर्देश
दरअसल आरिफ मसूद की ओर से अधिवक्ता एवं राज्यसभा सांसद विवेक तंखा ने पक्ष रखा। कहा- सारे पक्ष सुने बिना FIR और SIT गठित करना जल्दबाजी है। सरकार का जवाब आए बिना ही फैसला सुना दिया गया। मामले में सारे पक्षों को जल्द से जल्द जवाब पेश करने के निर्देश दिए हैं।
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इंद्रा प्रियदर्शनी कॉलेज फर्जीवाड़ा मामला
बीते दिनों हाईकोर्ट ने आरिफ मसूद के खिलाफ FIR के निर्देश दिए थे। मामले में SIT गठित कर 3 महीने में रिपोर्ट पेश करने के आदेश थे। इंद्रा प्रियदर्शनी कॉलेज के फर्जीवाड़ा मामले में हाईकोर्ट ने FIR के आदेश दिए थे। कॉलेज को कंटीन्यू करने की राहत मिली थी लेकिन नए एडमिशन पर रोक लगाई थी। हाईकोर्ट के आदेश के बाद आरिफ मसूद सुप्रीम कोर्ट पहुंचे थे। पिछली सुनवाई में सुप्रीम कोर्ट ने विधायक आरिफ मसूद के खिलाफ FIR और SIT पर स्टे दिया था।
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