पटना। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी की अध्यक्षता में आज शाम ठीक 5 बजे बिहार कैबिनेट की एक उच्चस्तरीय बैठक बुलाई गई है। यह बैठक राज्य के मुख्य सचिवालय स्थित मंत्रिमंडल कक्ष में आयोजित की जाएगी, जिसमें राज्य सरकार के सभी विभागों के माननीय मंत्री और वरिष्ठ अधिकारी हिस्सा लेंगे। इस बैठक को लेकर प्रशासनिक महकमे में हलचल तेज हो गई है, क्योंकि इसमें विभिन्न विभागों से जुड़े कई लोक-कल्याणकारी और नीतिगत प्रस्तावों पर मुहर लगने की पूरी संभावना जताई जा रही है।

​शाम 6 बजे होगी कैबिनेट ब्रीफिंग

​आज शाम होने वाली इस कैबिनेट बैठक के तुरंत बाद, यानी ठीक शाम 6 बजे एक आधिकारिक कैबिनेट ब्रीफिंग का आयोजन किया जाएगा। इस प्रेस कॉन्फ्रेंस के माध्यम से सरकार द्वारा लिए गए सभी निर्णयों और मंजूरियों की विस्तृत जानकारी मीडिया और आम जनता के साथ साझा की जाएगी। यह देखना दिलचस्प होगा कि आज की बैठक में राज्य के विकास, युवाओं, शिक्षा और स्वास्थ्य के क्षेत्र में सरकार क्या नए तोहफे देती है।

​पिछली कैबिनेट बैठक के मुख्य और बड़े फैसले

​आज होने वाली बैठक से पहले यदि पिछली कैबिनेट बैठक के महत्वपूर्ण फैसलों पर नजर डालें, तो सरकार ने कुल 17 प्रमुख एजेंडों पर अपनी मुहर लगाई थी। इन फैसलों का सीधा असर राज्य की शिक्षा, न्याय, स्वास्थ्य और खेल व्यवस्था पर पड़ रहा है:

  • ​पीपीपी मोड पर 16 मेडिकल कॉलेज: बिहार की स्वास्थ्य सेवाओं को अत्याधुनिक और सुलभ बनाने के लिए राज्य के 16 मेडिकल कॉलेजों (डेंटल कॉलेजों सहित) में पीपीपी (पब्लिक-प्राइवेट पार्टनरशिप) मोड पर पढ़ाई शुरू करने की योजना को मंजूरी दी गई थी। इनके सुचारू संचालन के लिए प्रसिद्ध कंसल्टेंसी फर्म PWC की नियुक्ति का भी बड़ा निर्णय लिया गया था।
  • ​19 जिलों में विशेष SC-ST कोर्ट: अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम के अंतर्गत आने वाले लंबित मामलों के त्वरित और समयबद्ध निपटारे के लिए 19 जिलों में नए स्पेशल कोर्ट के गठन को स्वीकृति मिली थी। इसके लिए कुल 171 नए पदों के सृजन का रास्ता साफ हुआ था। इसके अलावा, पूर्णिया, भागलपुर और गया जिलों में NDPS एक्ट के मामलों की सुनवाई हेतु 3 विशेष अदालतों के लिए 27 नए पद सृजित किए गए थे।
  • ​राजगीर में स्पोर्ट्स साइंस सेंटर: खेल और खिलाड़ियों को बढ़ावा देने के उद्देश्य से राज्य खेल अकादमी के राजगीर परिसर में एक अत्याधुनिक ‘स्पोर्ट्स साइंस सेंटर’ के निर्माण को मंजूरी दी गई थी। इसके जरिए खिलाड़ियों को वैज्ञानिक पद्धति से ट्रेनिंग और विश्वस्तरीय आधुनिक सुविधाएं मिल सकेंगी।
  • ​केंद्रीय विद्यालय के लिए भूमि आवंटन: पूर्वी चंपारण जिले के पीपरा कोठी में केंद्रीय विद्यालय के संचालन के लिए सरकारी जमीन को भारत सरकार के शिक्षा मंत्रालय को 30 साल की लंबी लीज पर देने का ऐतिहासिक फैसला लिया गया था।

​आज की बैठक से जनता को बड़ी उम्मीदें

​पिछली बैठकों के इन दूरगामी निर्णयों के बाद, आज की कैबिनेट बैठक से भी आम जनता और विभिन्न विभागों को कई नई उम्मीदें हैं। रोजगार, इंफ्रास्ट्रक्चर और प्रशासनिक सुधारों से जुड़े कई नए प्रस्ताव आज पटल पर रखे जा सकते हैं। बैठक समाप्त होने के बाद शाम को होने वाली ब्रीफिंग में ही तस्वीर पूरी तरह साफ हो पाएगी कि सरकार ने आज के दिन सूबे के लिए कौन-से नए और बड़े कदम उठाए हैं।