पटना। बिहार विधान परिषद की 8 स्नातक और शिक्षक सीटों पर होने वाले चुनावों को लेकर राजनीतिक हलचल तेज हो गई है। निर्वाचन आयोग ने इस महीने के अंत तक चुनाव अधिसूचना जारी करने की तैयारी पूरी कर ली है। मौजूदा विधान पार्षदों का कार्यकाल 16 नवंबर को समाप्त हो रहा है, और निर्वाचन विभाग के निर्देशानुसार संपूर्ण चुनाव प्रक्रिया इसी तिथि तक संपन्न करा ली जाएगी। इस बार जिन आठ सीटों पर मुकाबला होना है, उनमें पटना, तिरहुत (मुजफ्फरपुर), और दरभंगा की स्नातक व शिक्षक सीटें शामिल हैं, साथ ही कोसी स्नातक और सारण शिक्षक सीट पर भी चुनाव होगा। आयोग इस समय मतदाता सूची को अंतिम रूप देने में जुटा है, जिसके आंकड़ों के अनुसार स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों में लगभग 4.70 लाख और शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों में करीब 45 हजार पंजीकृत मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग करेंगे। पिछले चुनावों में इन सीटों पर एनडीए और वामदलों का प्रभाव देखने को मिला था, लेकिन इस बार राजनीतिक समीकरण बदलते नजर आ रहे हैं। राष्ट्रीय जनता दल (राजद) ने आक्रामक रुख अपनाते हुए अपनी पहली सूची में 6 प्रत्याशियों के नाम तय कर दिए हैं, जबकि शेष दो सीटों पर उम्मीदवारों की घोषणा जल्द किए जाने की बात कही गई है। दूसरी ओर, प्रशांत किशोर की अगुवाई वाली जनसुराज पार्टी ने भी पूर्णिया के मधुबनी में हुई समीक्षा बैठक के बाद सभी 8 एमएलसी सीटों पर अपने उम्मीदवार उतारने का आधिकारिक ऐलान कर दिया है, जिससे मुकाबला काफी दिलचस्प हो गया है।

​राजद के प्रत्याशियों की सूची

​राजद प्रदेश अध्यक्ष मंगनीलाल मंडल द्वारा जारी पहली सूची के अनुसार पार्टी ने छह सीटों पर अपने मजबूत उम्मीदवार मैदान में उतार दिए हैं। इन उम्मीदवारों की सूची इस प्रकार है:

  • ​पटना शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र: डॉ. संजीव सिंह
  • ​पटना स्नातक निर्वाचन क्षेत्र: दिलीप कुमार
  • ​कोसी स्नातक निर्वाचन क्षेत्र: नितेश कुमार
  • ​दरभंगा स्नातक निर्वाचन क्षेत्र: अनिल कुमार झा
  • ​सारण शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र: प्रो. जयराम यादव
  • ​तिरहुत स्नातक निर्वाचन क्षेत्र: डॉ. रश्मि विनायक

शेष दो सीटों पर नाम तय करने के लिए पार्टी स्तर पर मंथन जारी है, जिसकी घोषणा जल्द ही की जाएगी।

​निर्वाचन क्षेत्रों का विवरण और मतदाता आंकड़े

​इन चुनावों के अंतर्गत विभिन्न जिलों में मतदाताओं की संख्या और उनका दायरा निर्धारित किया गया है:

  • ​स्नातक निर्वाचन क्षेत्र: पटना स्नातक में 88,000 मतदाता (पटना, नालंदा, नवादा); तिरहुत स्नातक में 1.50 लाख मतदाता (मुजफ्फरपुर, वैशाली, सीतामढ़ी, शिवहर); दरभंगा स्नातक में 1.15 लाख मतदाता (दरभंगा, मधुबनी, समस्तीपुर, बेगूसराय); तथा कोसी स्नातक में 1.20 लाख मतदाता (सहरसा, सुपौल, मधेपुरा, पूर्णिया, कटिहार, अररिया, किशनगंज) शामिल हैं।
  • ​शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र: पटना में 16,600; सारण में 10,800; तिरहुत में 9,000; और दरभंगा में 8,900 पंजीकृत शिक्षक मतदाता हैं।

​मतदाता बनने के नियम और पात्रता

​विधान परिषद चुनावों की प्रक्रिया आम चुनावों से भिन्न होती है, जिसके लिए विशेष नियम तय किए गए हैं। स्नातक निर्वाचन क्षेत्र के लिए वे नागरिक मतदाता बनने के पात्र होते हैं जिन्होंने चुनाव की तिथि से कम से कम 3 वर्ष पूर्व अपनी स्नातक की डिग्री पूरी कर ली हो और वे इसके लिए फॉर्म-19 भरकर आवेदन करते हैं। वहीं, शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र के लिए मान्यता प्राप्त माध्यमिक या उच्च शिक्षण संस्थानों में न्यूनतम 3 वर्षों से लगातार अध्यापन कार्य कर रहे शिक्षक फॉर्म-20 भरकर अपनी उम्मीदवारी या मतदान का अधिकार सुनिश्चित करते हैं।