हिसार। हिसार रोडवेज डिपो में आज उस समय अफरा-तफरी मच गई जब संझा संघर्ष समिति के आह्वान पर रोडवेज कर्मचारियों ने जोरदार प्रदर्शन करते हुए डिपो का मुख्य गेट बंद कर दिया। सुबह 10 बजे से शुरू हुए इस आंदोलन के कारण न तो कोई बस डिपो से बाहर निकल सकी और न ही अंदर आ सकी, जिससे पूरे संचालन पर ताला लग गया।

पिछले 11 दिनों से 15 सूत्रीय मांगों को लेकर धरने पर बैठे कर्मचारियों का गुस्सा आज फूट पड़ा। आरोप है कि बार-बार ज्ञापन देने के बावजूद प्रशासन ने अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया।

कर्मचारियों की प्रमुख मांगों में 37 महीने का लंबित टीए जारी करना, एलटीसी और मेडिकल बिलों का भुगतान, कच्चे कर्मचारियों को समय पर वेतन देना और वर्कशॉप में शेड की व्यवस्था शामिल है।

चक्का जाम आंदोलन की दी चेतावनी
प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी है कि अगर जल्द समाधान नहीं हुआ तो 29 मई को पूरे हरियाणा में 4 घंटे का सांकेतिक धरना होगा और आगे चलकर बड़ा चक्का जाम आंदोलन भी किया जा सकता है।

इधर, रोडवेज के पूर्व प्रधान राजपाल नैन ने भी कर्मचारियों के आंदोलन का समर्थन करते हुए कहा कि मांगें पूरी तरह जायज हैं और प्रशासन को तुरंत कार्रवाई करनी चाहिए।

फिलहाल इस आंदोलन के चलते हिसार डिपो में बस सेवाएं पूरी तरह बाधित हैं, जिससे यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।