चरखी दादरी के गांव मालकोष निवासी 30 वर्षीय मंजीत की जमीनी विवाद के चलते कथित तौर पर हत्या कर दी गई, जिसके बाद पुलिस और एफएसएल की टीमें मामले की तफ्तीश में जुट गई हैं।
पुष्पेंद्र कुमार, चरखी दादरी। जिले में जमीनी रंजिश के चलते एक युवक की हत्या करने का सनसनीखेज मामला सामने आया है। मृतक की पहचान गांव मालकोष निवासी करीब 30 वर्षीय मंजीत के रूप में हुई है, जो पेशे से किसान था और अविवाहित था। मृतक के परिजनों का गंभीर आरोप है कि वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी खुद ही शव को दादरी के सिविल अस्पताल में छोड़कर मौके से फरार हो गए। अस्पताल प्रशासन से सूचना मिलने पर सिटी थाना पुलिस की टीम तुरंत मौके पर पहुंची और मामले की गंभीरता को देखते हुए साक्ष्य जुटाने के लिए फॉरेंसिक विज्ञान प्रयोगशाला (FSL) की टीम को भी सिविल अस्पताल बुलाया गया।
नीमड़ी निवासी युवक पर घर से ले जाकर हत्या करने का आरोप
मृतक के छोटे भाई राकेश ने पुलिस को दी अपनी शिकायत में बताया कि रविवार सुबह करीब 11 बजे पड़ोस के गांव नीमड़ी का रहने वाला एक युवक मंजीत को उसके घर से अपने साथ लेकर गया था। राकेश के अनुसार, बाद में उसके पास उसी नीमड़ी निवासी युवक का फोन आया, जिसने कहा कि मंजीत की तबीयत अचानक बहुत खराब हो गई है और उसे इलाज के लिए दादरी के सिविल अस्पताल पहुंचाया गया है। इस सूचना के बाद जब राकेश आनन-फानन में सिविल अस्पताल पहुंचा, तो वहां उसके भाई मंजीत की मौत हो चुकी थी और उसे अस्पताल लाने वाला युवक वहां से गायब था। राकेश ने आरोप लगाया कि उक्त युवक के साथ उनका काफी समय से जमीनी विवाद चल रहा है और इसी रंजिश के चलते उसके भाई की हत्या की गई है।
बौंद कलां थाना पुलिस को सौंपी जांच, पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार
शुरुआती तफ्तीश के बाद चूंकि यह पूरा घटनाक्रम बौंद कलां पुलिस थाना क्षेत्र से जुड़ा हुआ है, इसलिए सिटी थाना पुलिस द्वारा तुरंत संबंधित थाना को मामले की आधिकारिक सूचना दी गई। पुलिस अधिकारियों ने सिविल अस्पताल पहुंचकर परिजनों के बयान दर्ज किए और एफएसएल टीम की मदद से शव और घटनास्थल के संदर्भ में जरूरी वैज्ञानिक साक्ष्य एकत्र किए। फिलहाल पुलिस ने मंजीत के शव को अस्पताल के शवगृह (मोर्चरी) में सुरक्षित रखवा दिया है, जिसका सोमवार को डॉक्टरों के पैनल द्वारा पोस्टमार्टम करवाया जाएगा। पुलिस प्रशासन का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के सही कारणों का खुलासा हो सकेगा और उसी आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।

