हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी 12 जुलाई को गुरु जम्भेश्वर विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय, हिसार आएंगे। वे यूनिवर्सिटी में निर्मित माता अमृता देवी सर्कल का लोकार्पण करने के साथ ही विभिन्न भवनों का शिलान्यास करेंगे।

काजल, हिसार। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी 12 जुलाई को गुरु जम्भेश्वर विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय, हिसार (गुजविप्रौवि) आएंगे। माननीय मुख्यमंत्री विश्वविद्यालय में निर्मित माता अमृता देवी सर्कल एवं खेजड़ली महाबलिदान स्मृति शिल्प का लोकार्पण करेंगे तथा नर्सिंग ब्लॉक व गर्ल्स हॉस्टल भवन का शिलान्यास करेंगे। इस अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में संरक्षक बिश्नोई समाज एवं पूर्व सांसद चैधरी कुलदीप सिंह बिश्नोई स्रोत वक्ता के रूप में उपस्थित रहेंगे।

समारोह में शामिल होंगे कई विशिष्ट अतिथि

शिक्षा मंत्री महिपाल ढांडा समारोह की अध्यक्षता करेंगे। लोक निर्माण एवं जनस्वास्थ्य अभियांत्रिकी मंत्री रणबीर सिंह गंगवा अति विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहेंगे। इसके अतिरिक्त हिसार की विधायक सावित्री जिंदल, नलवा के विधायक रणधीर सिंह panihaar, हिसार के महापौर प्रवीन पोपली, बिश्नोई समाज के स्वामी डा. सचिदानंद आचार्य सहित अनेक जनप्रतिनिधि तथा बिश्नोई समाज के गणमान्य व्यक्ति भी भाग लेंगे।

विशिष्ट विभूतियों को मिलेगा मधु भासिन पुरस्कार

विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. नरसी राम बिश्नोई ने बताया कि माननीय मुख्यमंत्री गुरु जंभेश्वर जी महाराज धार्मिक अध्ययन संस्थान परिसर में 363 बिश्नोई वीरों की स्मृति में पौधारोपण करेंगे। उन्होंने कहा कि कार्यक्रम के दौरान पर्यावरण संरक्षण के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान के लिए दो विशिष्ट विभूतियों को “मधु भासिन मेमोरियल पुरस्कार” से भी सम्मानित किया जाएगा। यह सम्मान जोधपुर के खामु राम बिश्नोई तथा बड़ोपल, फतेहाबाद के विनोद कुमार कड़वासरा को दिया जाएगा।

नाटक “खेजड़ी की बेटी” का होगा मंचन

इसके साथ ही खेजड़ली महाबलिदान की गौरवगाथा को प्रदर्शित करने वाले अशोक राही द्वारा निर्देशित नाटक “खेजड़ी की बेटी” का मंचन भी किया जाएगा। उन्होंने कहा कि माता अमृता देवी तथा 363 बिश्नोई वीरों का बलिदान प्रकृति संरक्षण के इतिहास में एक अमर अध्याय है। विश्वविद्यालय परिसर में स्थापित स्मृति शिल्प एवं सर्कल पर्यावरण संरक्षण के संदेश को जन-जन तक पहुंचाने का कार्य करेगा।

तैयारियों को लेकर समितियों का गठन

इस आयोजन के लिए विभिन्न समितियों का गठन किया गया है। कुलपति प्रो. नरसी राम बिश्नोई ने समितियों के संयोजकों के साथ बैठक कर तैयारियों का जायजा लिया तथा आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने सभी समितियों को आपसी समन्वय के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन करने और कार्यक्रम के सफल आयोजन को सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

भजन-कीर्तन और हवन-यज्ञ का आयोजन

कुलपति प्रो. नरसी राम बिश्नोई ने बताया कि कार्यक्रमों की श्रृंखला के अंतर्गत रविवार सायंकाल गुरु जम्भेश्वर जी महाराज धार्मिक अध्ययन संस्थान में भजन-कीर्तन का आयोजन किया जाएगा। वहीं सोमवार प्रातः हवन-यज्ञ का भी आयोजन किया जाएगा, जिसमें शिक्षाविद्, विद्यार्थी, समाज प्रतिनिधि, श्रद्धालु एवं अन्य गणमान्य व्यक्ति शामिल होंगे।