Lifestyle Desk – भारतीय किचन में कटहल को एक खास जगह दी जाती है. खासकर शाकाहारी लोगों के लिए यह किसी “वेज मीट” से कम नहीं माना जाता और गर्मी में मौसम में तो ये सब्जी बहुत जायदा आती है. मसालेदार कटहल की सब्जी हो या फिर लजीज कोफ्ते, इसका स्वाद तभी उभरकर आता है जब कटहल बिल्कुल कच्चा और ताजा हो. लेकिन अक्सर लोग बाजार में इसकी पहचान करने में गलती कर बैठते हैं और बाहर से आकर्षक दिखने वाला कटहल अंदर से पका या मीठा निकल जाता है, जिससे पूरी डिश का स्वाद बिगड़ जाता है.

दरअसल, कटहल का मीठापन उसे सब्जी के लिए अनुपयुक्त बना देता है. ऐसे में यह जानना बेहद जरूरी है कि बिना काटे ही कटहल की गुणवत्ता और स्वाद का अंदाजा कैसे लगाया जाए. अच्छी बात यह है कि कुछ आसान संकेतों की मदद से आप बाहर से ही पहचान सकते हैं कि कटहल कच्चा है या पका हुआ. आइए जानते हैं कैसे करें इसकी पहचान.

कटहल के छिलके के रंग को देखें

सबसे पहले बात करें इसके बाहरी छिलके के रंग की. ताजा और कच्चा कटहल आमतौर पर गहरे हरे रंग का होता है. अगर कटहल का रंग हल्का पीला या पीला-हरा नजर आ रहा है, तो समझ लें कि वह पकने की प्रक्रिया में है. ऐसे कटहल का स्वाद हल्का मीठा हो सकता है, जो सब्जी के लिए सही नहीं माना जाता.

बनावट पर भी करें गौर

दूसरी जरूरी बात जो ध्यान देने की होती है वो हैइसकी बनावट. कच्चे कटहल की सतह पर मौजूद कांटे (स्पाइक्स) नुकीले और कड़े होते हैं. जब आप उसे हाथ से दबाते हैं, तो वह सख्त महसूस होता है. वहीं, पके हुए कटहल के कांटे थोड़े मुलायम और चपटे हो जाते हैं. अगर कटहल दबाने पर थोड़ा नरम लगे, तो यह संकेत है कि वह अंदर से पक चुका है.

ख़ुशबू से भी पहचाने

इसके अलावा, कटहल की खुशबू भी उसकी पहचान में मदद करती है. कच्चे कटहल में ज्यादा गंध नहीं होती, जबकि पका हुआ कटहल हल्की मीठी खुशबू देने लगता है. बाजार में अगर आपको कटहल से मीठी महक आ रही है, तो उसे खरीदने से बचना ही बेहतर होगा.

आकार भी जांचें

एक और महत्वपूर्ण बात है कटहल का आकार. बहुत ज्यादा बड़ा और आकर्षक दिखने वाला कटहल हमेशा अच्छा नहीं होता. कई बार बड़े आकार के कटहल अंदर से ज्यादा पके हुए निकलते हैं. इसलिए मध्यम आकार का, सख्त और गहरे हरे रंग का कटहल चुनना बेहतर विकल्प होता है.