Lifestyle Desk – हरी मटर ऐसी सब्जी है जो किसी भी डिश का स्वाद और रंग दोनों बढ़ा देती है. चाहे पुलाव हो, पराठा, पोहा, मटर पनीर या फिर मिक्स वेज, हरी मटर हर रेसिपी में अलग ही ताजगी ले आती है. यही वजह है कि सर्दियों के मौसम में लोग बड़ी मात्रा में हरी मटर खरीदकर उसे फ्रीजर में स्टोर कर लेते हैं, ताकि सालभर जरूरत पड़ने पर आसानी से इस्तेमाल किया जा सके. हालांकि, कई लोग फ्रीजर से मटर निकालकर सीधे कड़ाही या कुकर में डाल देते हैं. ऐसा करने से मटर का प्राकृतिक स्वाद, रंग और टेक्सचर प्रभावित हो सकता है. अगर आप चाहती हैं कि स्टोर की हुई मटर बिल्कुल ताजी जैसी लगे, तो इस्तेमाल करने से पहले कुछ जरूरी बातों का ध्यान रखना चाहिए.

सीधे फ्रीजर से निकालकर न पकाएं

सबसे बड़ी गलती यही होती है कि लोग जमी हुई मटर को बिना किसी तैयारी के सीधे गर्म तेल या ग्रेवी में डाल देते हैं. इससे मटर समान रूप से नहीं पकती और उसका स्वाद भी फीका लग सकता है. बेहतर होगा कि मटर को कुछ मिनट पहले फ्रीजर से निकालकर सामान्य तापमान पर रखें, ताकि उसकी बर्फ हल्की-सी पिघल जाए.

हल्के गुनगुने पानी से धो लें

फ्रीजर में रखी मटर पर अक्सर बर्फ की पतली परत जम जाती है. ऐसे में इस्तेमाल करने से पहले मटर को हल्के गुनगुने पानी से एक बार धो लेना अच्छा रहता है. इससे अतिरिक्त बर्फ हट जाती है और मटर जल्दी व समान रूप से पकती है. ध्यान रखें कि बहुत देर तक पानी में भिगोकर न रखें, क्योंकि इससे उसका स्वाद और पोषक तत्व प्रभावित हो सकते हैं.

ज्यादा देर तक न पकाएं

हरी मटर पहले से ही ब्लांच या हल्की प्रोसेसिंग के बाद स्टोर की जाती है. इसलिए इसे लंबे समय तक पकाने की जरूरत नहीं होती. यदि मटर को जरूरत से ज्यादा देर तक पकाया जाए, तो उसका चमकीला हरा रंग फीका पड़ सकता है और दाने भी मुलायम होकर टूटने लगते हैं. इसे पकाने के आखिरी कुछ मिनटों में डालना बेहतर विकल्प माना जाता है.

सही तरीके से स्टोर करना भी है जरूरी

अगर मटर को लंबे समय तक इस्तेमाल करना है, तो उसे एयरटाइट कंटेनर या अच्छी गुणवत्ता वाले फ्रीजर बैग में ही रखें. इससे उसमें नमी कम जाएगी और फ्रीजर बर्न की समस्या भी नहीं होगी. साथ ही, बार-बार फ्रीजर से निकालकर दोबारा जमा देने से बचें, क्योंकि इससे मटर की गुणवत्ता और स्वाद दोनों प्रभावित हो सकते हैं.

जरूरत के हिसाब से ही निकालें

पूरे पैकेट को बार-बार बाहर निकालने के बजाय उतनी ही मटर निकालें, जितनी उस समय इस्तेमाल करनी हो. बची हुई मटर को दोबारा फ्रीज करने से उसका टेक्सचर बदल सकता है और पकने के बाद उसका स्वाद भी पहले जैसा नहीं रहता. इसलिए छोटे-छोटे हिस्सों में स्टोर करना सबसे बेहतर तरीका है.

स्वाद के साथ पोषण भी रहेगा बरकरार

हरी मटर स्वादिष्ट होने के साथ-साथ प्रोटीन, फाइबर, विटामिन-सी और कई जरूरी पोषक तत्वों का अच्छा स्रोत भी मानी जाती है. सही तरीके से स्टोर करने और इस्तेमाल करने पर न सिर्फ इसका प्राकृतिक स्वाद और रंग बरकरार रहता है, बल्कि इसकी पौष्टिकता भी काफी हद तक बनी रहती है. इसलिए अगली बार जब भी फ्रीजर से हरी मटर निकालें, तो इन आसान टिप्स को जरूर अपनाएं. इससे आपकी हर डिश देखने में आकर्षक लगेगी और स्वाद भी ताजी मटर जैसा ही मिलेगा.