० कर्मचारियों की सतर्कता से बची जानें

रेवाड़ी।रेवाड़ी के नागरिक अस्पताल परिसर में उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब 112 एंबुलेंस कार्यालय के बाहर खड़ी एक इलेक्ट्रिक स्कूटी में अचानक आग लग गई। कुछ ही पलों में स्कूटी से धुआं उठने लगा और तेज लपटों ने पूरे वाहन को अपनी चपेट में ले लिया।

मौके पर मौजूद एंबुलेंस कर्मचारियों ने तुरंत सक्रियता दिखाते हुए कार्यालय में रखे फायर सिलेंडर से आग बुझाने का प्रयास शुरू किया। कर्मचारियों की तत्परता के चलते आग पर समय रहते काबू पा लिया गया, जिससे एक बड़ा हादसा टल गया। हालांकि तब तक स्कूटी पूरी तरह जल चुकी थी।

प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक स्कूटी नई बताई जा रही है। अचानक लगी आग से आसपास मौजूद लोग दहशत में आ गए। राहत की बात यह रही कि आग ने आसपास खड़े अन्य वाहनों या अस्पताल परिसर को नुकसान नहीं पहुंचाया।

बढ़ती घटनाओं से लोगों में चिंता

देशभर में इलेक्ट्रिक वाहनों में आग लगने और बैटरी ब्लास्ट की घटनाएं लगातार सामने आ रही हैं। ऐसे मामलों ने उपभोक्ताओं की चिंता बढ़ा दी है और इलेक्ट्रिक वाहनों की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं।

विशेषज्ञों का मानना है कि बैटरी ओवरहीटिंग, खराब क्वालिटी, तकनीकी खामियां और चार्जिंग के दौरान बरती गई लापरवाही इस तरह की घटनाओं की बड़ी वजह हो सकती हैं।

लोगों का कहना है कि इलेक्ट्रिक वाहन पर्यावरण के लिहाज से बेहतर विकल्प जरूर हैं, लेकिन सुरक्षा मानकों को लेकर अब और सख्ती की जरूरत महसूस की जा रही है।