गुरुग्राम पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए द्वारका रोड पर अकेले मिले 10 वर्षीय बालक समीर को सुरक्षित संरक्षण में लिया। मिसिंग पर्सन सेल की मदद से पुलिस ने कुछ ही घंटों में परिजनों का पता लगाकर बच्चे को सकुशल उनके सुपुर्द कर दिया।
सुशीला देवी, गुरुग्राम। पुलिस की संवेदनशीलता और त्वरित कार्रवाई के चलते एक बड़ा हादसा टल गया। सेक्टर-9 थाना क्षेत्र से भटके 10 वर्षीय मासूम बालक को पुलिस ने कुछ ही घंटों के भीतर सुरक्षित ढूंढकर उसके माता-पिता के सुपुर्द कर दिया। अपने जिगर के टुकड़े को सही-सलामत वापस पाकर परिजनों के चेहरे पर खुशी लौट आई और उन्होंने पुलिस प्रशासन का आभार व्यक्त किया।
सीएनजी पंप के पास भटकता मिला मासूम
प्राप्त विवरण के मुताबिक, 21 जुलाई को द्वारका रोड स्थित एक सीएनजी पंप के समीप लगभग 10 साल का समीर नाम का बच्चा अकेला और परेशान अवस्था में घूमता दिखाई दिया। स्थानीय सूचना मिलते ही पुलिस टीम अविलंब मौके पर पहुंची और बालक को अपनी सुरक्षा में लेकर उसके घर-परिवार की खोजबीन प्रारंभ की।
मिसिंग पर्सन सेल ने खोज निकाला परिवार
बालक के परिजनों का सुराग लगाने के लिए मिसिंग पर्सन सेल पश्चिम, गुरुग्राम की विशेष टीम ने आसपास के इलाकों में गहन पूछताछ की। पुलिस के निरंतर प्रयासों के बाद बच्चे के पिता सुलेंद्र साहनी से संपर्क हो गया। सुलेंद्र साहनी मूल रूप से बिहार के बेगूसराय जिले के रहने वाले हैं और वर्तमान में गुरुग्राम की दयानंद कॉलोनी में निवास करते हैं।
कानूनी प्रक्रिया पूरी कर बच्चे को सौंपा
परिजनों की शिनाख्त और सभी अनिवार्य कानूनी कागजी औपचारिकताएं पूर्ण करने के पश्चात पुलिस ने समीर को सुरक्षित उसके माता-पिता को सौंप दिया। खोए हुए बेटे को सामने देखकर माता-पिता भावुक हो गए।
अभिभावकों के लिए पुलिस की अपील
इस मामले के बाद गुरुग्राम पुलिस ने आम जनता और विशेषकर अभिभावकों से छोटे बच्चों की देखभाल को लेकर सतर्कता बरतने का आग्रह किया है। पुलिस ने स्पष्ट किया कि यदि कोई बच्चा गुम होता है या लावारिस स्थिति में दिखे, तो तुरंत नजदीकी थाने, पुलिस चौकी या आपातकालीन नंबर 112 पर जानकारी दें। पुलिस नागरिकों की मदद और सुरक्षा के लिए हर समय मुस्तैद है।


