गुरुग्राम की बजघेड़ा थाना पुलिस ने किराए की टैक्सी का जीपीएस निकालकर गाड़ी गायब करने वाले शातिर चालक को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने आरोपी को अदालत में पेश कर तीन दिन की रिमांड पर लिया है।

सुशीला देवी गुरुग्राम। किराए पर ली गई टैक्सी का जीपीएस निकालकर उसे गायब कर देने और महीनों तक न किराया चुकाने तथा न ही वाहन लौटाने के मामले में गुरुग्राम पुलिस ने एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। यह बड़ी कार्रवाई थाना बजघेड़ा पुलिस टीम द्वारा 1 जुलाई 2026 को पूरी मुस्तैदी के साथ अमल में लाई गई है। पुलिस गिरफ्त में आए इस शातिर आरोपी की पहचान 36 वर्षीय सुधीर कुमार के रूप में हुई है, जो मूल रूप से सेक्टर B-2, नरेला (दिल्ली) का रहने वाला है। गुरुग्राम पुलिस इस शातिर ठग चालक को पकड़ने के लिए काफी समय से लगातार प्रयास कर रही थी।

कंपनी से ली थी टैक्सी

पुलिस के अनुसार, 26 मार्च 2026 को बजघेड़ा थाना में एक नामी टैक्सी कंपनी के मैनेजर ने इस संबंध में लिखित शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत में बताया गया था कि सुधीर कुमार ने 17 मई 2025 को व्यावसायिक उपयोग के लिए कंपनी से एक टैक्सी किराए पर ली थी। दोनों पक्षों के बीच हुए समझौते के अनुसार आरोपी ड्राइवर को हर सप्ताह गाड़ी का तय किराया कंपनी में जमा करना था, लेकिन करीब एक महीने तक सब ठीक चलने के बाद उसने अचानक किराया देना बंद कर दिया। इसके बाद उसने कंपनी से पूरी तरह संपर्क तोड़ लिया और गाड़ी भी नहीं लौटाई।

तीन दिन की रिमांड मंजूर

जांच के दौरान बजघेड़ा थाना पुलिस ने जाल बिछाकर 1 जुलाई 2026 को आरोपी को बजघेड़ा क्षेत्र से धर दबोचा। पुलिस पूछताछ में यह खुलासा हुआ कि आरोपी सोनीपत के एक गेस्ट हाउस में नौकरी करता था। उसने पकड़े जाने के डर से टैक्सी का जीपीएस निकालकर फेंक दिया और वाहन को कुलदीप नामक एक अन्य व्यक्ति को चलाने के लिए दे दिया था। पुलिस ने आरोपी सुधीर को अदालत में पेश कर तीन दिन के पुलिस रिमांड पर लिया है। अब पुलिस गायब वाहन की बरामदगी और मामले से जुड़े अन्य पहलुओं की गहनता से जांच कर रही है।