गुरुग्राम साइबर पुलिस ने निवेश के नाम पर करोड़ों की ठगी करने वाले अंतरराज्यीय गिरोह का पर्दाफाश किया है। इस मामले में तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर रिमांड पर लिया गया है।
सुशीला देवी, गुरुग्राम। साइबर पुलिस ने निवेश के नाम पर करोड़ों की धोखाधड़ी करने वाले एक अंतरराज्यीय गिरोह के तीन शातिर सदस्यों को गिरफ्तार कर एक बड़े साइबर नेटवर्क का पर्दाफाश किया है। आरोपियों की पहचान अभिषेक पटेल (वाराणसी), अंशुमान उर्फ वैभव (सिद्धार्थनगर) और अभिषेक कुमार सिंह (रोहतास, बिहार) के रूप में हुई है। यह मामला तब सामने आया जब एक पीड़ित ने आईपीओ और शेयरों में निवेश के बदले भारी मुनाफा दिलाने का झांसा देकर 33 लाख 55 हजार रुपये की ठगी की शिकायत साइबर थाना दक्षिण, गुरुग्राम में दर्ज कराई। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए फरीदाबाद से तीनों आरोपियों को प्रोडक्शन वारंट पर गिरफ्तार किया है। IPO investment fraud के इस मामले ने साइबर अपराधियों की कार्यप्रणाली को उजागर कर दिया है।
कैसे लोगों को बनाते थे शिकार
पुलिस जांच में पता चला कि यह गिरोह बेहद सुनियोजित तरीके से सक्रिय था। आरोपी बैंक खाताधारकों के मोबाइल में चीनी साइबर ठगों द्वारा भेजी गई संदिग्ध एपीके (APK) फाइल डाउनलोड करवाते थे, जिसके माध्यम से संबंधित बैंक खाते का पूरा कंट्रोल अपराधियों के पास चला जाता था। इन आरोपियों की भूमिका खाताधारकों को होटलों में बुलाकर उन पर निगरानी रखने और बदले में कमीशन लेने की होती थी। जांच में यह भी खुलासा हुआ है कि ये आरोपी नेपाल जाकर सीधे चीनी साइबर ठगों के संपर्क में रहते थे। इस तकनीकी जाल के जरिए ये लोग आम लोगों की गाढ़ी कमाई पर डाका डाल रहे थे। फिलहाल, पुलिस इस पूरे नेटवर्क की गहराई से जांच कर रही है।
पुलिस रिमांड पर आरोपी, जांच जारी
फिलहाल, गुरुग्राम पुलिस ने तीनों आरोपियों को चार दिन की रिमांड पर लिया है ताकि उनके द्वारा किए गए अन्य कारनामों और नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की पहचान की जा सके। पुलिस का मानना है कि यह गिरोह केवल एक व्यक्ति तक सीमित नहीं है, बल्कि इनके तार देश-विदेश के कई बड़े साइबर अपराधियों से जुड़े हो सकते हैं। अधिकारियों ने आम जनता से अपील की है कि वे किसी भी लुभावने निवेश या अज्ञात लिंक पर क्लिक करने से पहले पूरी सावधानी बरतें। साइबर सुरक्षा के प्रति जागरूकता ही ऐसे अपराधों से बचने का एकमात्र रास्ता है। पुलिस अब इन आरोपियों से पूछताछ के आधार पर पूरे रैकेट के अन्य सदस्यों को पकड़ने के लिए अपनी अगली रणनीति पर काम कर रही है।

