Jaipur News: अगर आपका मोबाइल फोन कहीं गिर गया है या चोरी हो गया है, तो अब मायूस होकर बैठने की जरूरत नहीं है। राजस्थान पुलिस ने CEIR पोर्टल के जरिए एक ऐसी सफलता हासिल की है, जिसने मोबाइल चोरों की नींद उड़ा दी है। जयपुर के थानों से लेकर साइबर सेल तक, अब खोए हुए फोन बरामद करने की रफ्तार दोगुनी हो गई है।

बता दें कि साल 2025 में राजस्थान भर से करीब 7 लाख से ज्यादा मोबाइल फोन गुम होने या चोरी होने की शिकायतें आई थीं। सूत्रों ने बताया कि पुलिस की टेक्निकल टीम ने मुस्तैदी दिखाते हुए अकेले पिछले साल 28,510 मोबाइल बरामद कर उनके असली मालिकों को सौंप दिए हैं। वहीं, साल 2026 की शुरुआत भी धमाकेदार रही है अब तक चोरी हुए करीब 17 हजार फोन में से 8,384 मोबाइल पुलिस रिकवर कर चुकी है।
कैसे काम करता है पुलिस का यह सीक्रेट हथियार?
साइबर पुलिस मुख्यालय के इंस्पेक्टर गजेंद्र शर्मा ने ग्राउंड रिपोर्टिंग के दौरान बताया कि यह पूरा कमाल CEIR पोर्टल का है। दरअसल, यह सिस्टम बेहद सटीक तरीके से काम करता है। जैसे ही चोर चोरी के फोन में अपनी सिम डालता है, पोर्टल तुरंत पुलिस को लोकेशन भेज देता है। अगर सिम न भी डाली जाए और फोन सिर्फ इंटरनेट से कनेक्ट हो, तो भी यह ट्रेस हो जाता है। इस पोर्टल के जरिए चोरी के फोन को पूरी तरह ब्लॉक किया जा सकता है, जिससे वह चोर के लिए सिर्फ प्लास्टिक का एक डिब्बा रह जाता है।
क्या करें अगर आपका फोन गुम जाए?
गौरतलब है कि अब आपको थाने के अंतहीन चक्कर काटने की जरूरत नहीं है। बस पास के थाने में एक रिपोर्ट दर्ज कराएं और उसकी डिटेल सीधा गूगल पर मौजूद CEIR पोर्टल पर डाल दें। इसके बाद राजस्थान पुलिस की स्पेशल टीम एक्टिव हो जाती है। सूत्रों के अनुसार, पुलिस की टीमें दूसरे राज्यों में दबिश देकर भी लोगों के कीमती मोबाइल वापस ला रही हैं।
पढ़ें ये खबरें
- बर्खास्त सहायक शिक्षिका को हाईकोर्ट से बड़ी राहत, सेवा समाप्ति का आदेश किया निरस्त
- हिड़मा को ‘रोल मॉडल’ बताने पर सियासत : BJP ने पूछा क्या अटल के बयान से सहमत है कांग्रेस, MLA ने कहा- जल, जंगल, जमीन की रक्षा करने वाले को समर्थन
- Rajasthan News: टोल प्लाजा पर विधायक और कर्मचारी के बीच विवाद, मचा हड़कंप
- पश्चिम बंगाल में बड़ा नाव हादसा: ओडिशा के 3 सगे भाइयों समेत 6 मछुआरे लापता, नवीन पटनायक ने जताई गहरी चिंता
- भिवानी में BIS की शाइन मुहिम के तहत जागरूकता कार्यक्रम आयेाजित

