मयंक श्रीवास्तव, अयोध्या. रामनगरी में चलाए जा रहे अतिक्रमण हटाओ अभियान के दौरान एक दर्दनाक मौत का मामला सामने आया है. कोतवाली क्षेत्र के कच्चा घाट पर ठेले पर पानी बेचने वाले बिहार निवासी युवक दीपक कुमार की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई. इस घटना के बाद नगर निगम के प्रवर्तन दल की कार्यशैली पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं.
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मृतक की पत्नी ने प्रवर्तन दल पर सीधा आरोप लगाया है. पत्नी का कहना है कि अतिक्रमण हटाने के दौरान टीम के कर्मचारियों ने उसके पति को डंडा लेकर दौड़ाया. डर के कारण भागते समय वह गिर पड़ा और वहीं उसकी मौत हो गई. बिहार रवाना होने से पहले पत्नी ने मीडिया के सामने अपना बयान दर्ज कराया है. इस पूरे मामले में पुलिस की भूमिका पर भी सवाल उठ रहे हैं.
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पुलिस का कहना है कि घटना की कोई सूचना उन्हें नहीं दी गई. अगर सूचना मिलती तो शव का पोस्टमार्टम कराया जाता और मौत के सही कारणों का पता चलता, लेकिन परिवार बिना किसी कानूनी कार्रवाई के शव को लेकर बिहार चला गया. पत्नी द्वारा लगाए गए आरोपों के बाद अतिक्रमण हटाने वाली टीम की बर्बरता को लेकर स्थानीय लोगों में भी आक्रोश है. हालांकि, प्रशासन ने अभी तक इन आरोपों की पुष्टि नहीं की है. मामला तूल पकड़ने के बाद अब प्रशासन जांच की बात कह रहा है.


