गुरुग्राम। हरियाणा के गुरुग्राम जिले से एक बेहद हैरान और दुखी करने वाली खबर सामने आई है। यहाँ के फर्रुखनगर इलाके में एक क्लीनिक संचालक ने अपने ही घर के कमरे में फांसी लगाकर खुदकुशी कर ली। मृतक की पहचान वार्ड नंबर-12 के रहने वाले 35 वर्षीय जयवीर के रूप में हुई है। जयवीर जमालपुर रोड पर डी-कांत होटल के पीछे अपने मकान में रहते थे। इस आत्मघाती कदम के बाद से मृतक के परिवार में कोहराम मच गया है और पूरे इलाके में सन्नाटा पसरा हुआ है।
पास में ही चलाते थे अपना क्लीनिक
मिली जानकारी के मुताबिक, जयवीर पेशे से एक क्लीनिक संचालक थे। वे अपने घर के पास में ही ‘जीएस हेल्थ केयर’ नाम से एक क्लीनिक चलाते थे। रोज की तरह वे रविवार को भी अपना काम निपटाकर घर लौटे थे। परिजनों के अनुसार, रात को खाना खाने के बाद वे अपने कमरे में सोने चले गए थे। देर रात उन्होंने कमरे के अंदर से दरवाजा बंद किया और छत के पंखे से फांसी का फंदा लगाकर अपनी जान दे दी।
सुबह देर तक नहीं खुला दरवाजा, खिड़की से देखा तो उड़ गए होश
घटना का पता सोमवार सुबह उस वक्त चला जब जयवीर काफी देर तक अपने कमरे से बाहर नहीं निकले। सुबह की चाय और नाश्ते के लिए जब परिवार के सदस्य उन्हें जगाने पहुंचे, तो कमरा अंदर से पूरी तरह लॉक था। परिजनों ने काफी देर तक दरवाजा खटखटाया और जयवीर को आवाजें दीं। जब अंदर से कोई हलचल नहीं हुई, तो परिवार वालों को अनहोनी का शक हुआ। इसके बाद किसी ने कमरे की खिड़की से अंदर झांक कर देखा। अंदर का खौफनाक मंजर देखते ही परिवार के लोगों की चीख निकल गई। जयवीर फंदे पर लटके हुए थे।
जांच में जुटी पुलिस, पोस्टमार्टम के लिए भेजा शव
परिजनों ने बिना कोई वक्त गंवाए तुरंत इस मामले की सूचना स्थानीय फर्रुखनगर थाना पुलिस को दी। खुदकुशी की खबर मिलते ही पुलिस की एक टीम तुरंत मौके पर पहुंची। पुलिस ने कमरे का दरवाजा तुड़वाया और शव को फंदे से नीचे उतारा।
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि उन्होंने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए नागरिक अस्पताल भिजवा दिया है। शुरुआती जांच में घटनास्थल से कोई सुसाइड नोट नहीं मिला है, जिसकी वजह से आत्महत्या के असली कारणों का अभी पता नहीं चल पाया है। पुलिस परिजनों और आस-पास के लोगों से पूछताछ कर रही है ताकि यह साफ हो सके कि जयवीर किसी मानसिक तनाव या परेशानी में तो नहीं थे।

