सोहराब आलम/मोतिहारी: पूर्वी चंपारण जिले के शिकारगंज थाना क्षेत्र के चमही गांव में मानवता को शर्मसार कर देने वाली घटना सामने आई है। मात्र एक फीट जमीन के छोटे से विवाद ने एक हंसते-खेलते परिवार को उजाड़ दिया। शनिवार की शाम जमीन विवाद को सुलझाने के बजाय हथियार उठाने वाले पड़ोसियों ने 33 वर्षीय युवक आलोक पटेल की बेरहमी से चाकू मारकर हत्या कर दी। इस घटना के बाद पूरे गांव में मातम पसरा है और तनाव की स्थिति बनी हुई है।

​क्या है पूरा मामला?

​मृतक आलोक पटेल, जो गांव के ही रामचंद्र राउत का पुत्र था, का पिछले एक सप्ताह से पड़ोसी शंकर साह के साथ जमीन की सीमा को लेकर विवाद चल रहा था। सूत्रों के अनुसार, विवाद इतना बढ़ गया था कि मामले को सुलझाने के लिए स्थानीय स्तर पर कई बार पंचायतें भी बुलाई गई थीं। दोनों पक्षों की सहमति से यह निर्णय लिया गया था कि आगामी 25 मई को अमीन द्वारा जमीन की विधिवत नापी कराई जाएगी ताकि विवाद का स्थाई समाधान हो सके।

​हमले का आंखों देखा हाल

​परिजनों का आरोप है कि नापी की तारीख आने से ठीक एक दिन पहले ही शंकर साह और उसके परिजन आक्रोशित होकर शनिवार शाम आलोक के घर पहुंच गए। कहासुनी देखते ही देखते हिंसक झड़प में बदल गई। जब आलोक के पिता रामचंद्र राउत पर हमलावरों ने प्रहार किया, तो उन्हें बचाने के लिए आलोक बीच-बचाव करने पहुंचा। इसी दौरान आरोपी संतोष साह ने चाकू निकाला और सीधा आलोक के सीने में घोंप दिया। वार इतना घातक था कि मौके पर ही आलोक ने दम तोड़ दिया। इस झड़प में मृतक के पिता भी गंभीर रूप से घायल हो गए हैं।

​पुलिस की त्वरित कार्रवाई

​घटना की सूचना मिलते ही शिकारगंज थाना पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मुख्य आरोपी संतोष साह को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी की निशानदेही पर हत्या में प्रयुक्त चाकू भी बरामद कर लिया गया है। वहीं, मामले की गंभीरता को देखते हुए घटनास्थल पर एफएसएल (FSL) की टीम को बुलाया गया, जो साक्ष्य जुटाने में लगी है। पुलिस ने गांव में सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम कर दिए हैं ताकि शांति व्यवस्था बनी रहे।
​फिलहाल, पुलिस अन्य शामिल आरोपियों की तलाश में छापेमारी कर रही है। इस घटना ने एक बार फिर यह साबित कर दिया है कि मामूली विवादों में धैर्य न रखने का परिणाम कितना विनाशकारी हो सकता है।