Jabalpur Cruise Accident: मध्य प्रदेश के जबलपुर क्रूज हादसे मामले में उच्च स्तरीय जांच समिति गठित की गई है। मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव के निर्देश पर समिति का गठन किया गया है। महानिदेशक होमगार्ड एवं नागरिक सुरक्षा, सचिव मध्यप्रदेश शासन, आयुक्त जबलपुर संभाग की उच्च स्तरीय समिति जांच करेगी। यह कमेटी दुर्घटना के कारण, क्रूज संचालन के नियम समेत अन्य तथ्यों की जांच करेगी। सीएम ने कहा है कि जांच के बाद दोषियों के खिलाफ कठोरतम कार्रवाई की जाएगी। भविष्य में इस तरह की दु:खद घटनाओं की पुनरावृत्ति को रोकने के भी निर्देश दिए हैं। आइए जानते है बरगी डैम में हुए दर्दनाक हादसे में अब तक का पूरा अपडेट…
दरअसल, जबलपुर के बरगी डैम में 30 अप्रैल का दिन कई परिवारों के लिए काल बनकर आया। जहां हर दिन की तरह गुरुवार की शाम सैलानी क्रूज का आनंद ले रहे थे। इस बीच अचानक तेज हवा और आंधी चलने लगी, जिससे क्रूज डगमगाने लगा और देखते ही देखते पानी में डूबने लगा। हादसे के बाद चीख पुकार मच गई। इसके पहले संभल पाते कि क्रूज सवार 30 से ज्यादा लोग एक-एक कर डूबने लगे।
ये भी पढ़ें: मरते-मरते भी नहीं छोड़ी ममता: सीने से लिपटी मिली मां और मासूम की लाश, क्रूज हादसे से आई दिल दहला देने वाली तस्वीर
स्थानीय लोगों ने की बचाने की कोशिश
डैम में लोगों को डूबता देख वहां मौजूद लोगों ने बचाने की कोशिश की। वहीं घटना की सूचना मिलते ही एनडीईआरएफ, एसडीईआरएफ, आर्मी, गोताखोर और प्रशासनिक टीम ने मोर्चा संभाला। कुछ सैलानी खुद तैरकर अपनी जान बचाने में कामयाब हुए तो वहीं कुछ लोगों को गोताखोर और प्रशासन की टीम ने सुरक्षित रेस्क्यू किया। खबर लिखे जाने तक अब तक 9 लोगों के शव बरामद हुए है, जिनमें 7 महिलाएं और एक बच्चा भी है। वहीं 4 लापता लोगों की तलाश युद्ध स्तर पर जारी है।

मौके पर प्रशासन, कड़ी मशक्कत करनी पड़ी
घटना की सूचना मिलते ही मंत्री राकेश सिंह, सांसद आशीष दुबे, बरगी विधायक नीरज सिंह, विधायक अशोक रोहाणी, कलेक्टर राघवेंद्र सिंह और जबलपुर एसपी भी मौके पर पहुंचे थे। हादसे के कई घंटे तक क्रूज को पानी से बाहर नहीं निकाला जा सका था। गुरुवार की रात में क्रूज खींचने के दौरान रस्सा टूट गया था। जिससे बैलेंस बिगड़ा और लोग गिर गए। रातभर पहाड़ी इलाके को समतल कर रास्ता बनाया गया। जेसीबी से रास्ता बनाकर हाइड्रा और बड़ी क्रेन को दुघर्टनास्थल पहुंचाया गया। इसके जरिए रेस्क्यू किया गया।
ये भी पढ़ें: ‘हमारी नाव डोल रही है’: क्रूज हादसे से पहले सैलानी ने देखा था खौफनाक मंजर, फिर मस्ती के बीच आ गई मौत! Video
तस्वीरों से दहल उठा देश!
इस घटना ने मध्य प्रदेश ही नहीं बल्कि पूरे देश को झकझोर कर रख दिया। देर शाम हुए हादसे की खबर जैसे ही फैली पूरा माहौल गमगीन हो गया। हादसे के बाद सोशल मीडिया पर एक के बाद एक कई वीडियो वायरल होने लगे। जिसे देख लोग सहम गए। क्यों कि घटना की ऐसी ऐसी तस्वीरें सामने आई है जिसने रोंगटे खड़े कर दिए। पानी से एक शव ऐसा भी बरामद हुआ, जिसमें एक मां और उसके सीने से मासूम लिपटा मिला। यह मंजर देख घटनास्थल पर मौजूद लोगों के आंसू निकल पड़े।

सीएम ने मुआवजे का किया ऐलान, जांच के निर्देश
क्रूज हादसे की खबर मिलते ही मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने संज्ञान लिया और राहत-बचाव कार्य के निर्देश दिए। साथ ही उन्होंने मृतकों के परिजनों के लिए 4-4 लाख रुपये की आर्थिक सहायता की घोषणा की। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार पूरी तरह संवेदनशील है। इसके अलावा मुख्यमंत्री ने जांच के लिए कमेटी बनाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि इस तरह की दुर्घटनाओं को रोकने के लिए पर्यटन विभाग के माध्यम से क्रूज संचालन से जुड़ी एसओपी तैयार की जाएगी।
मुख्यमंत्री ने पीड़ितों से की मुलाकात
मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने जबलपुर पहुंचकर पीड़ित परिवारों से मुलाकात की। एक तरफ बेटे-बेटियां आंसू नहीं रोक सके, तो दूसरी तरफ मध्यप्रदेश के मुखिया डॉ. मोहन यादव भी भावुक हो गए। माहौल इतना गमगीन था कि बस भावनाएं बोल रही थीं। सीएम डॉ. मोहन यादव ने कहीं बच्चों को गले लगाया, तो कहीं बेटी के सिर पर हाथ रखकर सांत्वना दी। उन्होंने परिजनों से मुलाकात कर कहा कि संकट की इस घड़ी में राज्य सरकार उनके साथ है। कोई भी परिवार खुद को अकेला न समझे।

एडवेंचर टूरिज्म के लिए बनेगी SOP
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि हम इस घटना की जांच के लिए उच्च स्तरीय जांच समिति बना रहे हैं। समिति में होमगार्ड एवं नागरिक सुरक्षा के महानिदेशक, सचिव मध्यप्रदेश शासन, जबलपुर संभाग के आयुक्त होंगे। यह समिति तीन बिंदुओं पर जांच करेगी। इन बिंदुओं में पहला बिंदु दुर्घटना के कारणों की शुरुआत से जांच करना, दूसरा बिंदु परिस्थितियों को प्रतिपादित करना, तीसरा बिंदु दुर्घटना के वक्त प्रोटोकॉल का पालन हुआ या नहीं हुआ, शामिल हैं।
पीएम मोदी ने भी जताया दुख, आर्थिक सहायता देने की घोषणा
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने सोशल मीडिया पर पोस्ट कर लिखा- मध्य प्रदेश के जबलपुर में नाव पलटने से हुई जानमाल की हानि अत्यंत पीड़ादायक है। इस दुखद दुर्घटना में अपनों को खोने वाले सभी लोगों के प्रति मेरी गहरी संवेदना है। घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की प्रार्थना करता हूं। स्थानीय प्रशासन प्रभावित लोगों की सहायता कर रहा है। मृतकों के परिजनों को पीएमएनआरएफ की ओर से 2 लाख रुपये की अनुग्रह राशि दी जाएगी। घायलों को 50,000 रुपये दिए जाएंगे।

जान बचाने वाले 15 अगस्त को होंगे सम्मानित
रेस्क्यू टीम के जिन सदस्यों ने क्रज हादसे के बाद लोगों को डैम से सुरक्षित निकाला है, उन्हें मध्य प्रदेश सरकार आगामी 15 अगस्त को सम्मानित करेगी।
इन पर हुआ एक्शन
क्रूज पायलट महेश पटेल, हेल्पर छोटेलाल गोंड और टिकट काउंटर प्रभारी बृजेंद्र की सेवाएं तत्काल प्रभाव से समाप्त कर दी गई हैं। जबकि होटल मैकल रिसॉर्ट और बोट क्लब बरगी के मैनेजर सुनील मरावी को लापरवाही के कारण निलंबित कर दिया गया है। वहीं रीजनल मैनेजर संजय मल्होत्रा को मुख्यालय अटैच कर विभागीय जांच संस्थित की गई है।

घटना से लेंगे सबक ?
जबलपुर क्रूज हादसे ने कई गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। प्रशासनिक तैयारियों, सुरक्षा मानकों और आपदा प्रबंधन को कटघरे में खड़ा कर दिया है। यह महज एक दुर्घटना नहीं, बल्कि सिस्टम की लापरवाही और कमजोर निगरानी व्यवस्था का नतीजा है। जिसके चलते कई सैलानियों की जान चली गई और कई परिवारों पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा। अब देखना होगा कि शासन-प्रशासन इस घटना से सबक लेता है या फिर केवल बयानबाज़ी तक ही सीमित रहता है। क्यों अकसर देखा गया है कि ऐसे हादसों के बाद जांच, मुआवज़ा और कार्रवाई के आश्वासन दिए जाते हैं, लेकिन समय बीतने के साथ ही यह मुद्दे ठंडे पड़ जाते हैं।
Follow the LALLURAM.COM MP channel on WhatsApp
https://whatsapp.com/channel/0029Va6fzuULSmbeNxuA9j0m
- छत्तीसगढ़ की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- उत्तर प्रदेश की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- लल्लूराम डॉट कॉम की खबरें English में पढ़ने यहां क्लिक करें
- खेल की खबरें पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें
- मनोरंजन की बड़ी खबरें पढ़ने के लिए करें क्लिक

