मुजफ्फरपुर। जिले के बरियारपुर थाना क्षेत्र में एक शादी समारोह उस समय तनावपूर्ण हो गया जब मामूली कहासुनी एक हिंसक संघर्ष में बदल गई। विवाद की जड़ एक भोजपुरी गाना बना जिसके कारण न केवल शादी की रस्मों में बाधा आई बल्कि बारातियों को बंधक बनाने जैसी स्थिति भी पैदा हो गई।
डीजे का गाना बना विवाद का कारण
घटना रविवार देर रात बाजी बुजुर्ग पंचायत के वार्ड संख्या-14 स्थित मुखिया चौक की है। यहां पवन मुखिया की बेटी की शादी में बेगूसराय से बारात आई थी। बारात जब दरवाजे पर पहुंची तो डीजे पर मुजफ्फरपुर जिला तोड़ जीजा लगिए गाना बज रहा था। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार बेगूसराय से आए बाराती इस गाने को सुनकर भड़क गए। उन्होंने डीजे संचालक पर दबाव बनाया कि वह गाने में मुजफ्फरपुर की जगह बेगूसराय शब्द का प्रयोग करे। इसी बात को लेकर लड़की और लड़के पक्ष के बीच तीखी बहस शुरू हो गई।
मारपीट और तोड़फोड़ से मची अफरा-तफरी
बहस इतनी बढ़ गई कि देखते ही देखते दोनों पक्ष लाठी-डंडों के साथ आमने-सामने आ गए। शादी का उल्लासपूर्ण माहौल कुछ ही मिनटों में चीख-पुकार और भगदड़ में तब्दील हो गया। विवाद के दौरान जमकर मारपीट हुई और लड़की पक्ष की कई बाइक बुरी तरह क्षतिग्रस्त कर दी गईं। मौके पर मौजूद ग्रामीणों और बुजुर्गों ने बड़ी मुश्किल से बीच-बचाव कर स्थिति को नियंत्रित किया जिसके बाद आनन-फानन में जयमाला की रस्म पूरी कराई गई।
24 घंटे की खींचतान के बाद बनी सहमति
जयमाला के बाद भी तनाव पूरी तरह खत्म नहीं हुआ। दूल्हा पक्ष ने आगे की रस्में पूरी करने से साफ इनकार कर दिया। आरोप है कि इसके बाद स्थिति और बिगड़ी और दूल्हे समेत बारात के करीब 10-12 लोगों को लड़की पक्ष ने कथित तौर पर रोक लिया। सोमवार पूरे दिन पंचायत का दौर चलता रहा। विवाद का मुख्य मुद्दा क्षतिग्रस्त वाहनों का मुआवजा था। अंततः लड़की पक्ष द्वारा नुकसान की भरपाई करने पर सहमति बनी जिसके बाद मंगलवार देर शाम शादी की बाकी रस्में संपन्न हो सकीं।
पुलिस की प्रतिक्रिया
इस पूरे प्रकरण पर सकरा अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी (SDPO) मनोज कुमार सिंह ने जानकारी दी कि सूचना मिलते ही पुलिस बल तैनात किया गया था। फिलहाल किसी भी पक्ष की ओर से कोई लिखित शिकायत नहीं दी गई है। उन्होंने स्पष्ट किया कि यदि कोई आवेदन प्राप्त होता है तो मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों पर कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

